उझानी (बदायूं)। पिछले दिनों फर्जी एसीपी बताकर सराफ आलोक अग्रवाल से ठगी किए जाने के मामले की रिपोर्ट दर्ज हो जाने के बाद शनिवार अपराह्न एक बार फिर आरोपी का फोन स्विच ऑन हुआ। सराफ की कॉल रिसीव भी की गई। उन्होंने फर्जी एसीपी से जब यह कहा कि मैडम मेरा मामला निपटा दीजिए तो फिर से उसे स्विच ऑफ कर दिया गया।
श्रीनारायणगंज मोहल्ला निवासी सराफ आलोक अग्रवाल को बुधवार को नाटकीय अंदाज में ठगी का शिकार बना लिया गया था। कॉलर ने खुद को ग्वालियर का एसीपी बताकर सराफ को हड़काया था। इसके बाद फर्जी एसीपी की ओर से कोतवाली पुलिस से फोन पर अभद्र व्यवहार की शिकायत की गई तो पुलिस सराफ को ही थाने बुला ले गई। आरोप है कि पुलिस के दबाव में सराफ ने उसके बताए खाते में 26700 रुपये ट्रांसफर कर दिए थे। पुलिस तीसरे दिन शुक्रवार को सराफ की ओर से अज्ञात के खिलाफ रिपोर्ट भी दर्ज कर चुकी है।
सराफ अग्रवाल ने बताया कि शनिवार अपराह्न उन्होंने आरोपी के नंबर पर फिर कॉल की। फर्जी एसीपी से बातचीत के दौरान कुछ और लोगों की आवाज भी आई। जब उन्होंने मामला निपटा देने की बात कही तो उधर से फोन स्विच ऑफ कर दिया गया। सराफ का कॉल करने के पीछे तर्क है कि वह कॉल करके उसकी लोकेशन ट्रेस कराने में पुलिस की मदद करना चाहते हैं। सराफ ने आरोपी से बात होने की जानकारी प्रभारी निरीक्षक मनोज कुमार सिंह को भी दे दी है। बता दें कि जिस खाते में रुपये ट्रांसफर कराए गए थे, वह राजस्थान में जबलपुर जिले के राहुल यादव का है।
अभी जबलपुर में छानबीन कर रही है पुलिस
सराफ आलोक अग्रवाल से ठगी के मामले में कोतवाली पुलिस की एक टीम बृहस्पतिवार देर शाम ही जबलपुर भेज दी गई थी। शुक्रवार और शनिवार को भी पुलिस टीम ने खाताधारक और आरोपी फर्जी एसीपी की तलाश में वहां कई स्थानों पर दबिश भी दी। शाम तक पुलिस के हाथ कुछ नहीं आया है। बताते हैं कि पुलिस टीम ने कुछेक कॉल सेंटर पर नजर डाली, लेकिन कोई नतीजा नहीं निकला।
यहां तो ठग से पुलिस ही खा गई गच्चा
सराफ आलोक अग्रवाल से पहले पशुधन प्रसार अधिकारी योगेश कुमार से भी ठगी हो चुकी है। आलोक ने तो फर्जी कॉल से उसी वक्त कोतवाली पुलिस को अवगत करा दिया था। एसएसआई मनोज कुमार ने भी फर्जी एसीपी से बात की थी। वह भी असलियत नहीं समझ पाए थे। उल्टे सराफ पर ही सेटलमेंट कर लेने का दबाव बना बैठे। यह बात सराफ सभी के सामने उजागर कर चुके हैं। इस बीच सराफ प्रदीप गोयल को भी धमकाया जा चुका है।