बदायूं/दातागंज। मंडलायुक्त संयुक्ता समद्दार ने रविवार को डीएम दीपा रंजन, एसएसपी ओपी सिंह, सीएमओ डॉ. प्रदीप वार्ष्णेय के साथ ट्रैक्टर-ट्रॉली पर सवार होकर दातागंज क्षेत्र के बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का जायजा लिया। पानी ज्यादा भरा होने के कारण अन्य किसी साधन से बाढ़ प्रभावित इलाके का जायजा लेना मुमकिन नहीं था। इसलिए ट्रैक्टर-ट्रॉली का सहारा लेना पड़ा। बाढ़ के कारण दातागंज क्षेत्र में रामगंगा के दोनों ओर बसे 30 से ज्यादा गांवों को संपर्क कटा हुआ है।
मंडलायुक्त ने लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों को क्षतिग्रस्त पुलिया तीन दिन में ठीक कराने के निर्देश दिए। हालांकि, प्रशासन की ओर से बाढ़ प्रभावित इलाकों में नाव मुहैया कराई गई हैं, लेकिन ये नाकाफी हैं। मानिकपुर-त्रिलोकपुर की पुलिया कट जाने से इस गांव का तहसील और जिला मुख्यालय से संपर्क टूट गया है। मंडलायुक्त ने दातागंज-बदायूं, पुवायां-तिलहर-जैतीपुर रोड का भी ट्रैक्टर-ट्रॉली से जायजा लिया।
बाढ़ के कारण यह मार्ग बुरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गए हैं। मंडलायुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि बाढ़ प्रभावितों के संपर्क में रहें। उनको खाने-पीने और दवाओं को लेकर कोई समस्या नहीं होनी चाहिए। सीएमओ डॉ. प्रदीप वार्ष्णेय को निर्देश दिए कि बाढ़ प्रभावित इलाकों में स्वास्थ्य विभाग की टीमें लगातार भ्रमण करती रहें। हजरतपुर में मंडलायुक्त ने स्वास्थ्य केंद्र का निरीक्षण भी किया।
मंडलायुक्त ने हजरतपुर पुल के उस पार बसे बाढ़ग्रस्त गांवों हर्रामपुर, मौजमपुर, शेरपुर, गढ़िया पैगंबरपुर, नवादा बदन, लालपुर खादर, कुंडरा मजरा आदि का भी जायजा लिया। अधिकारियों ने उन्हें बताया कि क्षेत्र में करीब 309 हेक्टेयर भूमि बाढ़ के कारण प्रभावित हुई है। मंडलायुक्त ने क्षति का आकलन कर ग्रामीणों का मुआवजा दिलाने के निर्देश अधिकारियों को दिए। इस दौरान एडीएम संतोष कुमार वैश्य, एसडीएम दातागंज राम शिरोमणि आदि अधिकारी भी रहे।
कछला से मंगाई गई नाव
दातागंज। मंडलायुक्त के दातागंज पहुंचने पर अधिकारियों ने कछला से एक नाव भी मंगाई। दरअसल, अहरतपुर में नाव की कमी थी। कुछ लोगों ने शिकायत की कि बाढ़ग्रस्त इलाके में मच्छर और लार्वा नाशक दवाओं का छिड़काव नहीं हो रहा है। ऐसे में मलेरिया विभाग की टीमों को बाढ़ग्रस्त इलाकों तक पहुंचाने के लिए नाव मंगाई गई। नाव ट्रक के जरिये कछला से यहां पहुंची। बाढ़ के कारण फतेहगंज-मानपुर रपटा पुल भी बह गया है। रामगंगा का जलस्तर कम होने के बाद भी कई-कई किलो मीटर तक पानी ही पानी दिख रहा है। मंडलायुक्त ने रपटा पुल पर चल रहे काम को भी देखा।
बाढ़ के कारण दातागंज में बहा रपटा पुल। संवाद- फोटो : BADAUN
ट्रैक्टर-ट्रॉली में सवार होकर बाढ़ प्रभावित इलाके का जायजा लेतीं मंडलायुक्त संयुक्ता समद्दर, डी- फोटो : BADAUN