अलापुर। थाना क्षेत्र के कस्बा सखानूं निवासी रियाजुल हसन ने एसओ अलापुर समेत छह लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए अदालत में प्रार्थना पत्र दिया है।
रियाजुल का कहना है कि 14 मई को उसकी तीन बेटियाें को बेचने के उद्देश्य ये अपहरण किया गया था। तब वह मध्यप्रदेश में था। सूचना मिलते ही वहां से चल दिया। 16 मई को थाने पहुंचा। पुलिस ने गुमशुदगी दर्ज कर ली। पता लगा कि गांव के ही तीन लोग बेटियों काे कहीं ले गए हैं, जो उन्हें बेचने की फिराक में हैं।
इसकी शिकायत एसएसपी बदायूं से की तो पुलिस ने तीनों बेटियों को बरामद कर उसे सौंप दिया। आरोपियों से एसओ, हल्का प्रभारी व एक सिपाही ने साठगांठ कर ली और कार्रवाई नहीं की। पीड़ित रियाजुल ने न्यायिक मजिस्ट्रेट कोर्ट में एसओ अलापुर धनंजय सिंह, दरोगा रामवीर सिंह, आरक्षी कुलदीप सिंह व अपहरण करने के तीन आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई के लिए प्रार्थना पत्र दिया है।
एसओ उसावां समेत चार पुलिस कर्मियों की अदालत में शिकायत
बदायूं। हत्या के आरोप में पिता को जेल भेजने व बेटे को बाइक समेत चौकी ले जाकर बेरहमी से पीटने व बाइक गायब करने के आरोप में पीड़ित ने पुलिस कर्मियों के खिलाफ डकैती कोर्ट में प्रार्थना पत्र दिया है।
उसावां के गौंतरा पट्टी भौनी गांव में 22 अप्रैल को वहीं के सतीश शर्मा की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी। उनका शव घर में फंदे पर लटका मिला था। पोस्टमार्टम रिपोर्ट मौत गला दबाने से होना पाया गया था। पुलिस ने अज्ञात हत्यारों के खिलाफ दो माह बाद रिपोर्ट दर्ज की थी।
इस मामले में पुलिस ने गांव के ही संजय सिंह को जेल भेज दिया। आरोप है कि पुलिस ने संजय सिंह के पुत्र सौरभ सिंह को बाइक समेत पकड़ा और चौकी ले जाकर बेरहमी से पिटाई की। इस मामले में सौरभ ने डकैती कोर्ट में थानाध्यक्ष उसावां मान बहादुर सिंह समेत चार पुलिस कर्मियों पर रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए प्रार्थना पत्र दिया है। संवाद