बदायूं। शहर के जामा मस्जिद के मुकदमे में बृहस्पतिवार को सुनवाई हुई। इस दौरान सभी पक्षों के वकीलों ने पूर्व में दिए गए प्रार्थना पत्रों को लेकर बहस की। जहां हिंदू महासभा के वकील ने जामा मस्जिद का निरीक्षण कराने के लिए दिए प्रार्थना पत्र पर सुनवाई की मांग की। वहीं इंतजामिया कमेटी ने कहा कि मुकदमा चलने योग्य ही नहीं है। न्यायालय ने सभी पक्षों को सुनने के बाद सुनवाई के लिए पांच अप्रैल अगली तारीख निर्धारित की है।
सिविल जज सीनियर डिवीजन की अदालत में विचाराधीन भगवान नीलकंठ महादेव बनाम जामा मस्जिद के मुकदमे में बृहस्पतिवार को सुनवाई हुई। अब तक न्यायालय में सभी पक्षों की ओर से प्रार्थना पत्र दिए जा रहे थे लेकिन उनका निस्तारण नहीं हो सका।
बृहस्पतिवार को इसी मुद्दे पर हिंदू महासभा और इंतजामिया कमेटी के वकील में बहस हुई। हिंदू महासभा के वकील वेदप्रकाश साहू ने कहा कि उन्होंने मुकदमे के संबंध में तमाम साक्ष्य न्यायालय में पेश किए हैं। उन्होंने पिछली तारीख पर जामा मस्जिद का स्थलीय निरीक्षण कराने की मांग की थी। इस संबंध में उन्होंने न्यायालय को प्रार्थना पत्र दिया था।
वहीं इंतजामिया कमेटी ने कहा कि यह मामला सुनवाई योग्य नहीं है। इससे पहले दोनों ओर से प्रार्थना पत्र देने का दौर चल रहा था। एक ओर से प्रार्थना पत्र दिया जा रहा था तो दूसरी ओर से उसका जवाब दाखिल किया जा रहा था। दोनों पक्षों ने अपने-अपने प्रार्थना पत्रों पर पहले सुनवाई करने की मांग की।
इस दौरान अन्य पक्षों की ओर से कोई आपत्ति आने की सूचना नहीं है। न्यायालय ने अगली सुनवाई के लिए पांच अप्रैल की तारीख तय की है।