कचहरी चौराहे पर बंद हुए सीमेंट भरे ट्रक का लोड पुलिस की रिकवरी वैन न झेल सकी और जिससे ट्रक एक फोटोस्टेट की दुकान में जा घुसा। इससे दुकान में फोटोस्टेट की मशीन टीक करने आए मैकेनिक के घायल होने के साथ ही दुकान में काफी नुकसान हुआ और मौके पर हड़कंप मच गया। बाद में निजी क्रेन से ट्रक को थाने में खड़ा कर लिया गया। पुलिस ने चालक और हेल्पर को पकड़ लिया है।
इस्लामनगर कस्बा निवासी ड्राइवर मंसूर और हेल्पर दिलशाद सिकंद्राबाद से सीमेंट लोड करके शाहजहांपुर के कलान में अजय टेडर्स के यहां लेकर जा रहे थे। बदायूं शहर में कचहरी के पास अचानक इनका ट्रक बंद हो गया। इससे कचहरी चौराहे के आसपास जाम लग गया। दातागंज में एक कार से हुए हादसे के बाद कार हटवाने गए टीएसआई राममिलन को सूचना मिली तो वह पुलिस की रिकवरी वैन लेकर सीधे बदायूं चले आएं। रिकवरी वैन से ट्रक को अटैच कर आगे बढ़ाया गया। मंसूर ट्रक में अपनी सीट पर बैठा था। ठीक जेल मोड़ वाले कचहरी तिराहे पर हल्की सी ढलान पर वैन तो आगे बढ़ गई पर पीछे बंधा ट्रक अनियंत्रित होकर मोड़ पर लक्ष्मी फोटोस्टेट की दुकान में घुस गया। फोटोस्टेट मशीन सही करने आए मैकेनिक संजीव वैश्य अपनी बाइक दुकान के गेट पर खड़ी कर उससे उतर ही रहे थे कि बाइक चकनाचूर हो गई और संजीव ट्रक के बोनट के साथ दुकान में घुस गए। इससे दुकान में मौजूद दुकान स्वामी शहबाजपुर निवासी विजयपाल और ग्राहक अंदर फंस गए। इससे आसपास के लोगों में हड़कंप मच गया। बाहर खड़े लोगों ने भी शोर मचाना शुरू कर दिया। हंगामे के बाद टीएसआई ने निजी क्रेन बुलाकर ट्रक को सिविल लाइंस थाने पर खड़ा कराया। उन्होंने संजीव को जिला अस्पताल भिजवाया तो ट्रक चालक और हेल्पर को थाने में बैठा लिया। पहले पुलिस चालक का लाइसेंस कैंसिल करने की बात कह रही थी, बाद में दोनों पक्षों में आर्थिक समझौता होने लगा। टीएसआई का कहना था कि समझौता नहीं हुआ तो वह ड्राइवर के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की जाएगी।
ट्रक ड्राइवर के सिर मढ़ा इल्जाम
लापरवाही से जान जोखिम के इस मामले में गलती न मानते हुए ट्रैफिक पुलिस ने सारा दोष ट्रक चालक के सिर मढ़ दिया। नियमानुसार लोडेड ट्रक को खिंचवाने के लिए पुलिस को अपनी डीसीएम स्तर की रिकवरी वैन लानी ही नहीं चाहिए थी। उसे लाए भी तो बेहद हल्की गति से आगे बढ़ना चाहिए था। लोड ट्रक को खींचने के लिए भी बिजली के लोहे के तार को उपयोग किया जा रहा था जिसकी लंबाई ज्यादा थी। रिकवरी वैन भी ट्रक को आगे बढ़ाने में हांफ गई थी और उसमें से धुंआ निकलने लगा था। ट्रक चालक का कहना था कि ट्रक बंद होने से प्रेशर खत्म हो चुका था। इसलिए वह कोशिश के बाद भी ट्रक में ब्रेक नहीं लगा सका। वह खुद गलती मान रहा है। वहीं टीएसआई राममिलन का कहना था कि ट्रक का मास्टर सिलेंडर फट गया था। इसमें पूरी गलती ट्रक चालक की है। जब उसे पता था कि प्रेशर ब्रेक काम नहीं कर रहे हैं तो उन्हें क्यों नहीं बताया। वह पहले ही निजी क्रेन मंगा लेते।