पुरानी रंजिश के चलते किया गया था जानलेवा हमला
तेरह साल पहले एक व्यक्ति को गोली मारकर हत्या करने के प्रयास में आरोपी दो सगे भाइयों को कोर्ट ने पांच साल की कड़ी कैद सहित जुर्माने की सजा सुनाई है।
यह मामला थाना दातागंज क्षेत्र के गांव सराय मुडिय़ा का है। 21 अगस्त 2003 को पुरानी रंजिश के चलते आरोपी नन्हे लाल और सुखलाल पुत्रगण बेचे ने विनेश को उस घेर लिया जब वह अपरौली गोदाम से खाद लेकर बैलगाड़ी से घर लौट रहा था। हमलावरों ने दिन में करीब तीन बजे हरीराम के बाग के पास विनेश को तमंचों से गोली मारी। हमलावर उसे मरा जानकर भाग गए थे। इस मामले में घायल ने उक्त दोनों हमलावरों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। उसने पुलिस को बताया था कि इस घटना से पहले आरोपी हमलावर के एक भाई राजाराम की हत्या में वादी के भाई और पिता आरोपी थे। इसी से रंजिश चल रही थी।
विशेष न्यायाधीश ईसी एक्ट भूदेव गौतम ने पत्रावली का अवलोकन किया। अभियोजन की ओर से प्रभारी डीजीसी मुकेश यादव और बचाव पक्ष की दलीलों को सुनने के बाद हत्या के प्रयास में नामजद उक्त दोनों भाइयों को दोषी पाकर पांच साल की कड़ी कैद और पांच-पांच हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माने की धनराशि में से बतौर मुआवजा 50 फीसदी वादी को दिए जाने का भी कोर्ट ने आदेश सुनाया है।