फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

फिजूलखर्ची ने युवक को बनाया था एटीएम हैकर

विज्ञापन
विज्ञापन
एटीएम मशीन को हैक करके दूसरे के खाते से 10 हजार रुपये निकालने के बाद दूसरी बार फिर कोशिश करते वक्त पकड़े गए बरेली के तरुण का पुलिस ने दूसरे दिन चालान कर दिया। हालांकि पूछताछ के दौरान पुलिस ने उसके साथ सख्ती भी बरती, लेकिन वह किसी और केस में लिप्तता से इंकार करता रहा। उसे फिजूलखर्ची ने एटीएम का हैकर बना दिया था।
विज्ञापन

बरेली में अलीगंज थाना क्षेत्र के शिवनगर निवासी तरुण पुत्र राजीव प्रकाश को शनिवार को पंजाब नेशनल बैंक के एटीएम केबिन में उस वक्त दबोच लिया गया, जब वह खाता धारक सत्यवीर के खाते से नगदी निकालने की कोशिश में दिखा। तरुण इससे पहले सत्यवीर के खाते से 10 हजार रुपये निकाल चुका था। पुलिस के मुताबिक, तरुण एटीएम मशीन को हैक करना जानता है। सत्यवीर को उसने एटीएम हैक करके ही चूना लगाया था। एटीएम को हैक किए जाने का तरीका जानने के लिए पुलिस उसे केबिन तक भी ले गई। पुलिस ने पूछताछ के दौरान उसके जरिए इसी तरह के अन्य केस के बारे में पता लगाने का प्रयास किया। तरुण के भाई अजय को भी शिवनगर से बुलवाया गया। हालांकि तरुण ने पुलिस को बताया कि अच्छे रहन-सहन के शौक ने उसे गंदे काम में धकेल दिया, लेकिन दूसरी बार में पकड़ा गया। एटीएम मशीन को कैसे हैक किया जाता है, यह उसने अपने परिचित युवक से सीखा, लेकिन उसने परिचित का नाम नहीं बताया। उधर, पुलिस ने रविवार को उसका चालान कर दिया। कोर्ट में पेशी के बाद उसे जेल भेज दिया गया।

देर रात चले छुड़ाने के प्रयास
उझानी। तरुण को पुलिस से छुड़ाने के लिए शनिवार अपराह्न से कुछ लोग सक्रिय हो गए थे। एक कार सवार तीन युवक कोतवाली भी पहुंचे। उन्होंने खुद को मीडिया से जुड़ा बताकर उसकी पैरोकारी की। पुलिस को यहां तक बताया गया कि तरुण को साजिश का शिकार बनाया गया है। बावजूद इसके तरुण के भाई अजय ने उसकी कतई पैरोकारी नहीं की। दरोगा जितेंद्र यादव ने बताया कि  पकड़े गए तरुण ने शुरू में पुलिस को भी गुमराह करने का प्रयास किया। दो बार तो उसने अपना पता ही गलत बता दिया।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें