जिन दो थानेदारों के रहने वार्दी कलंकित हुई थी उन दोनों को बहाल कर दिया गया है। मूसाझाग थाने में रामलखन यादव और उझानी थाने में रामसूरत यादव के रहते वर्दी कलंकित हुई थी। एसएसपी सौमित्र यादव ने बताया कि दोनों थानेदारों को उनकी लापरवाही के लिए सजा मिल चुकी है। इनकी सर्विस बुक में प्रतिकूल प्रविष्टि दर्ज की गई हैं।
मूसाझाग थाने में 31 दिसंबर की रात सिपाही वीरपाल यादव और अवनीश यादव ने नाबालिग से गैंगरेप किया था। इसके बाद एसओ मूसाझाग रामलखन यादव को सस्पेंड कर दिया गया था। 15 जनवरी को उझानी कोतवाली में क्वाटर की छत से सिपाही गौरव टाइटलर ने छात्रा को फेंक दिया था। घटना के बाद लापरवाही के आरोप में उझानी के कोतवाल रामसूरत यादव को सस्पेंड किया गया था। करीब तीन महीने के बाद दोनों थानेदारों को बहाल कर दिया गया है।