कोतवाली पुलिस ने नोट स्कैनिंग करने वाले चार लोगों को यूपी 100 की सूचना पर गेस्ट हाउस से पकड़कर वाहवाही तो लूट ली। लेकिन उनके साथियों का पता नहीं लगा सकी। गिरोह के कई सदस्य अब भी नकली नोटों की खेप गैर जनपदों में खपाने में लगे हैं। कोतवाल ने अभी तक बरेली के मीरगंज में गिरोह के ठिकाने का मुआयना तक नहीं किया है। गौरतलब है कि मंगलवार की रात लावेला चौक स्थित गेस्ट हाउस से मीरगंज कस्बे के मोहल्ला सराय खां का रहने वाला आमिर अहमद, रहीश, इरशाद और नासिर को दो हजार और पांच सौ के नकली नोटों के साथ पकड़ा था। उनके पास से 82 हजार के नकली और 97,220 के असली करेंसी बरामद हुई थी। यह सारी जानकारी कोतवाल राजीव शर्मा को पकड़े आरोपियों ने दी थी। फिर भी उनके ठिकाने पर पुलिस नहीं पहुंच सकी। इंस्पेक्टर का कहना था कि आरोपियों ने पूछताछ में नहीं बताया कि नोट कहां स्कैन किए जाते थे। सीओ सिटी वीरेंद्र सिंह यादव ने बताया कि कोतवाल से पूछा गया तो उनका कहना था कि पकड़े आरोपियों से कोई अहम जानकारी नहीं मिली। गिरोह के अन्य सदस्यों को पकड़ने के लिए दबिश देने को कहा गया है।