कल्पतरु के बाद अब ‘कल्पवट’ रियल एस्टेट कंपनी भी लोगों के करोड़ों रुपये लेकर भाग गई। कंपनी ने आरडी और एफडी के नाम पर सैकड़ों लोगों से रुपये जमा कराए थे। उन्हें जमीन दिखाकर प्लॉट देने का वादा भी किया था। ठगी के शिकार लोगों ने बृहस्पतिवार को डीएम से मिलकर मामले की शिकायत की। इसके बाद उन्होंने सिविल लाइंस थाने में तहरीर भी दी।
कल्पवट रियल एस्टेट कंपनी का ऑफिस सिविल लाइंस इलाके में पंडित जी पेट्रोल पंप के सामने था, जो करीब चार माह से बंद पड़ा है। इस कंपनी में आरडी और एफडी के नाम पर रुपये जमा करने वाले लोग बदायूं और आसपास के जिलों के रहने वाले हैं। इनमें ग्राम जिरौलिया निवासी सत्यपाल के डेढ़ लाख, उझानी निवासी मोहम्मद दिलदार के साढ़े तीन लाख रुपये, शाहजहांपुर जिले में कलान के ग्राम कौमी निवासी मोहम्मद नईम के 9.5 लाख रुपये, इसी गांव के शाकिर के 22 लाख, यूसुफ के चार लाख और बिनावर के ग्राम कादराबाद निवासी अंसार हुसैन के 18.76 लाख रुपये जमा थे। इनके अलावा और भी कई लोग ठगी के शिकार हुए हैं।
बृहस्पतिवार सुबह लोग डीएम कार्यालय पहुंचे। डीएम दिनेश कुमार सिंह ने पूरी बात सुनने के बाद सभी भुक्तभोगियों को थाना सिविल लाइंस भेज दिया। आरोप है कि कल्पवट कंपनी ने करीब छह करोड़ रुपये की ठगी की है। कंपनी के एजेंट व अन्य लोग अब फोन कॉल तक रिसीव नहीं कर रहे हैं।
ये लोग सिविल लाइंस थाने आए थे। चूंकि एक महिला की ओर से कल्पवट कंपनी के खिलाफ पहले से रिपोर्ट दर्ज है, इसलिए अब इन लोगों का शिकायती पत्र उसी एफआईआर में शामिल कर लिया जाएगा। अभी उस मामले की जांच चल रही है। -राघवेंद्र सिंह राठौर, सीओ सिटी