थोक किराना व्यापारी से नशे में की थी पिटाई
व्यापारी का माल भरा ट्रक थाने लाने को बना रहे थे दबाव
बिनावर थाने के एक दरोगा और एक एचसीपी को शराब के नशे में थोक किराना व्यापारी से दबंगई भारी पड़ गई। एसएसपी सुनील सक्सेना ने दोनों को रात में ही लाइन हाजिर कर दिया। दोनों के खिलाफ जांच का आदेश दिया है। दरोगा राम रक्षपाल और एचसीपी दयाराम वर्मा थोक किराना व्यापारी कमलेश गुप्ता से उगाही करने पहुंचे थे। रुपये न मिलने पर व्यापारी की पिटाई भी की थी।
बिनावर के मेन बाजार में कमलेश गुप्ता की किराना की थोक की दुकान है। बुधवार रात साढ़े नौ बजे उनका माल बरेली से ट्रक से आया था। गोदाम पर माल उतारा जा रहा था। आरोप है कि इसी दौरान बिनावर थाने का दरोगा राम रक्षपाल और एचसीपी दयाराम वर्मा नशे में व्यापारी के पास पहुंचे। व्यापारी से माल के कागजात दिखाने को मांगे। कागजात दिखाने के बावजूद दोनों ट्रक को थाने ले चलने की बात कहने लगे। व्यापारी ने विरोध किया तो उससे मारपीट कर दी। कमलेश गुप्ता के बेटे शिवम गुप्ता ने रात में ही दरोगा और एचसीपी की इस हरकत के बारे में पूर्व विधायक महेश गुप्ता को बताया।
पूर्व विधायक महेश गुप्ता ने जानकारी एसएसपी सुनील सक्सेना को दी और देर रात समर्थकों के साथ मौके पर पहुंच गए। खबर मिलने पर एसएसपी सुनील सक्सेना ने सीओ सिटी आनंद कुमार पांडेय को मौके पर भेजा। प्रभारी एसओ अशोक सोलंकी भी पहुंच गए। दरोगा और एचसीपी को पुलिस ने हिरासत में ले लिया। सीओ आनंद कुमार पांडेय की रिपोर्ट पर एसएसपी सुनील सक्सेना ने रात में ही दरोगा और एचसीपी को लाइन हाजिर कर दिया। आरोपी दरोगा और एचसीपी ने खुद को बेकसूर बताया है।
नहीं कराया दरोगा और एचसीपी का मेडिकल
बदायूं। नशे में व्यापारी से उगाही करने पहुंचे दरोगा राम रक्षपाल और एचसीपी दयाराम वर्मा को पुलिस ने बचाने की कोशिश भी की है। दोनों शराब के नशे में थे। इसके बावजूद इनका जिला अस्पताल में मेडिकल नहीं कराया गया। इसका लाभ दोनों को जांच में मिलेगा।
प्रथम दृष्टया जांच में दरोगा और एचसीपी की गलती पाई गई है। दोनों को लाइन हाजिर कर दिया गया है। मामले में जांच के बाद कड़ी कार्रवाई की जाएगी।-आनंद कुमार पांडेय, सीओ सिटी