उझानी में सोमवार सुबह की घटना, पिता ने लगाया हत्या का आरोप
पुलिस की फॉरेंसिक टीम ने मौके पर आकर की तहकीकात
आटो सेल्स मालिक विजय साहू की संदिग्ध हालात में गोली लगने की घटना से सनसनी फैल गई। नाजुक हालत में विजय को लेकर घरवाले पहले सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र फिर जिला अस्पताल पहुंचे, लेकिन तब तक उनकी मौत हो गई। हालांकि मृतक के पिता ने बाइक सवार तीन अज्ञात लोगों पर हत्या करने का आरोप लगाया है। पुलिस को मौके पर ऐसा कोई क्लू नहीं मिला जो आपराधिक घटना की हकीकत बयां करता। फॉरेंसिक टीम ने भी तहकीकात की। पुलिस ने शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम कराया है।
घटना सोमवार सुबह करीब 10 बजे की है। मूलत: कोतवाली क्षेत्र के गांव बसोमा निवासी व्यास साहू ने बाईपास पर बिल्डिंग मैटेरियल और बाइक आटो सेल्स की दुकान है। दुकान के एक हिस्से में ही उनका परिवार रहता है। बकौल व्यास, सुबह में उनका बेटा विजय साहू (26) दुकान खोलने के लिए निकला तो बाइक सवार तीन लोगों ने उसे गोली मार दी। तीनों लोग हेलमेट पहने थे, इससे उनकी पहचान नहीं हो पाई। विजय की जिला अस्पताल ले जाते वक्त मौत हो गई। मौके पर पहुंची पुलिस को व्यास की बातों पर विश्वास नहीं हुआ। कोतवाल गोपीचंद्र यादव ने फॉरेंसिक टीम को बुला लिया। फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल और मृतक के घर की वीडियोग्राफी की।
फॉरेंसिक टीम को दुकान के पास एक स्थान पर खून के धब्बे वाली फोल्डिंग वाली चारपाई और टूटा तख्त पड़ा मिला। दुकान और मकान की छत पर भी खून के निशान देखे गए, लेकिन उनके ऊपर पानी भी पड़ा था। घटना के बाद सीओ प्रमोद यादव और कोतवाल ने आसपास इलाके के दुकानदारों समेत गृहस्वामियों से भी बात की। मृतक के पिता से भी उससे रंजिश रखने वालों के बारे में तहकीकात की गई। कोतवाल ने बताया कि घटनास्थल के हालात मामला संदिग्ध ठहरा रहे हैं। जांच कई अन्य बिंदुओं पर की जा रही है। पुलिस ने शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम तो करा लिया लेकिन देर शाम तक मृतक के घरवालों की ओर से पुलिस को तहरीर भी नहीं सौंपी गई है।
------
तीन माह की मासूूम के सिर से उठा पिता का साया
उझानी। विजय साहू की शादी करीब दो साल पहले एटा निवासी नीतू के साथ हुआ था। आर्थिक रूप से मजबूत व्यास साहू की पांच संतान में सबसे बड़े बेटे विजय की पत्नी नीतू घटना के दौरान मायके में थी। उसकी तीन माह की बेटी भी है। पति की मौत की भनक लगते ही नीतू अपने परिजनों के साथ दोपहर में रोते-बिलखते पहुंची। रो-रोकर उसका बुरा हाल हो गया है। उसकी मासूम बेटी को तो यही नहीं पता कि उसके सिर से पिता का साया उठ गया है।
------
पुलिस को नहीं मिल पाया तमंचा
उझानी। विजय साहू की गोली लगने से मौत के बाद मौके पर पहुंचे कोतवाल गोपीचंद्र यादव समेत कई पुलिस कर्मियों ने लोगों से अलग-अलग स्थानों पर ले जाकर बात की। पुलिस को जो संकेत मिले उसकी पुष्टि करने के लिए तमंचा बरामद करने की कोशिश शुरू कर दी गई। पुलिस कर्मियों ने दुकान-मकान के आसपास ही नहीं बल्कि घर के कमरों में भी झांक कर देखा लेकिन कहीं पर तमंचा नहीं मिला। सूत्र बताते हैं कि पुलिस को तमंचा मिलता तो घटना की हकीकत जल्दी ही सामने आ जाती।