पुलिस की स्वाट टीम ने अंतर्जनपदीय वाहन चोर गैंग का भंडाफोड़ करते हुए तीन बदमाशों को गिरफ्तार कर लिया है। साथ ही चोरी की 16 बाइक बरामद की है। गैंग के फरार चार सदस्यों की पुलिस तलाश कर रही है। सभी बदमाश बदायूं के ही हैं। यह बरेली, शाहजहांपुर, गाजियाबाद, बदायूं, पीलीभीत, कासगंज, एटा आदि जिलों में वाहन चोरी करके दूसरे जिलों में फर्जी कागजात बनाकर बेचते थे।
ऑटो लिफ्टर गैंग जिले में बाइक चोरी की सिलसिलेवार घटनाओं को अंजाम दे रहे थे। यह गैंग पुलिस के लिए सिरदर्द बना हुआ था। एसएसपी संतोष कुमार सिंह ने ऑटो लिफ्टर गैंग का खुलासा करने के लिए स्वाट टीम को लगाया था। स्वाट प्रभारी इंद्रेश पाल सिंह को मुखबिर से सूचना मिली कि अलापुर क्षेत्र में कुछ लोग चोरी की बाइक बेचने की फिराक में हैं।
सूचना पर स्वाट ने घेराबंदी करके संजरपुर से एक काली पल्सर पर सवार तीन बदमाशों को पकड़ लिया। पूछताछ करने पर पुलिस को चोरी की 16 बाइक बरामद हुईं। इस दौरान बदमाशों के तीन साथी फरार होने में कामयाब रहे। स्वाट टीम में इंद्रपाल, विपिन, धर्मेंद्र, सुभाष, मनोज, चंद्रहास, देवेंद्र, सुरेंद्र सिंह, यशवीर सिंह शामिल रहे।
ये ऑटो लिफ्टर हुए गिरफ्तार
सलीम निवासी रमजानपुर थाना कादरचौक।
भूपेंद्र निवासी खिरिया रहलू थाना अलापुर।
अकरम निवासी वार्ड नंबर 21 ककराला थाना अलापुर।
ये ऑटो लिफ्टर फरार
जमील निवासी रमजानपुर थाना कादरचौक
जीशान निवासी मोहल्ला सोथा थाना कोतवाली
धर्मेंद्र निवासी पस्तौर थाना मूसाझाग
रजनेश निवासी पस्तौर थाना मूसाझाग
टीम को 15 हजार मिलेगा पुरस्कार
एसएसपी संतोष कुमार सिंह ने बताया कि उनकी ओर से स्वाट टीम को इस खुलासे के लिए नकद पांच हजार रुपये पुरस्कार दिया जाएगा। इसके अलावा स्वाट टीम के लिए आईजी जोन की ओर से 10 हजार रुपये नकद पुरस्कार देने की घोषणा की गई है।
फर्जी कागज तैयार करके बेचते थे बाइक
गिरफ्तार किए गए ऑटो लिफ्टर गैंग के तीनों सदस्यों ने पुलिस पूछताछ में स्वीकार किया है कि वह एक जिले से बाइक चोरी करने के बाद दूसरे जिले में फर्जी कागज बनाकर बेच देते थे। जो बाइक बरामद की गई हैं उनमें भी कुछ के फर्जी कागज उन्होंने तैयार कर लिए थे।