ककराला। गोवंशीय पशुओं के वध पर प्रभावी अंकुश नहीं लग पा रहा है। शनिवार को कस्बे के पास से होकर गुजरने वाली सोत नदी के जंगल से पुलिस ने सात पशु बरामद किए। इनको यहां बांध कर रखा गया था। आशंका जताई जा रही है कि पशुओं को वध के बाद मांस सप्लाई के लिए जंगल में बांधा गया था। पुलिस मामले में जांच कर रही है। ककराला में सोत नदी के पास जंगल में पहले भी गोवंशीय पशुओं का वध होता रहा है। कई बार यहां गोवंशीय पशुओं के अवशेष मिल चुके हैं। शनिवार को कुछ किसानों ने देखा कि सोत के जंगल में पशु बंधे हैं। इस पर इन लोगों ने पुलिस को सूचना दी। चौकी पुलिस ने मौके पर पहुंच कर पशुओं को बरामद कर लिया। अवैध बूचड़खाने बंद होने के बाद तस्कर चोरी छिपे पशुओं का वध कर मांस सप्लाई कर रहे हैं। सोत के पास जंगल से मिले पशुओं को लेकर भी यही माना जा रहा है कि मांस तस्करों ने पशुओं को वध के लिए यहां बांधा होगा।