पुलिस ने बताए गए घटनास्थल पर पूछताछ की तो तमाम लोगों ने इसकी जानकारी से इनकार किया। नामजद आरोपियों को तलाश किया गया तो उनकी लोकेशन अपने घर पर पाई गई। इससे पुलिस ने सोनी और उसकी सास को ही टटोलना शुरू किया। उनके पीछे पुलिस टीम लगा दी गई। तमाम छानबीन के बाद पुलिस ने शनिवार रात अभिषेक को सोनी की जेठानी सीमा पत्नी विजय उर्फ बबलू के घर बरेली के विशारतगंज इलाके से बरामद कर लिया। पुलिस उसकी जेठानी को भी पकड़ लाई।
सोनी और उसकी सास को लाकर पूछताछ की गई तो उन्होंने सबकुछ उगल दिया। सोनी ने बताया कि एक दुष्कर्म के मामले में उसका पति व जेठ समेत तीन लोग जेल में हैं। जिन लोगों ने उनके खिलाफ मामला दर्ज कराया था। वह उनके खिलाफ अपहरण का मामला दर्ज करवाकर क्रॉस केस बनवाना चाहती थी। इसकी सलाह सिविल लाइंस के नेकपुर मोहल्ला निवासी जितेंद्र पुत्र हरवीर और उसहैत के हरेंडी निवासी महावीर उर्फ पप्पू ने दी थी। इस पर पुलिस ने उन्हें भी गिरफ्तार कर लिया। रविवार दोपहर बाद पांचों लोगों को जेल भेज दिया गया।
महिला के पति व जेठ पर दर्ज है अपहरण-सामूहिक दुष्कर्म का मामला
एक साल पहले सिविल लाइंस थाने में सोनी के पति अवनीश, जेठ बबलू उर्फ विजय और सखानू निवासी सुनील के खिलाफ लड़की के अपहरण व सामूहिक दुष्कर्म का मामला दर्ज हुआ था। इसमें पुलिस ने तीनों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। इस समय तीनों आरोपी जेल में हैं।
मां के साथ जेल गया मासूम अभिषेक
सोनी ने क्रॉस बनाने के लिए जिस बेटे के अपहरण का ड्रामा रच दिया। वह पांच माह का अभिषेक भी सोनी के साथ जेल गया है। उस मासूम को यह तक नहीं पता कि आखिर उसके साथ क्या हुआ है। वह तीन दिन कहां रहा और अब वह कहां जा रहा है। भले ही उसे बड़े होकर इसकी जानकारी हो जाएगी लेकिन इस समय उसे केवल प्रयोग किया गया। जिसका नतीजा यह निकला कि उसकी मां, दादी समेत पांच पर कार्रवाई हुई।
बच्चे के अपहरण की एफआईआर दर्ज होने के बाद उसकी तलाश में टीम लगाई गई थी। पुलिस ने अच्छा काम किया है। दो दिन में ही पूरा खुलासा कर दिया। बच्चे को बरामद कर लिया। उसकी मां, दादी ने ही उसे बरेली छोड़ा था। फिर यहां आकर अपहरण का मामला दर्ज करा दिया। अब सभी आरोपियों को जेल भेज दिया है। -कर्मवीर सिंह, सीओ दातागंज