फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

मुड़िया धुरेकी मामले में चार गिरफ्तार

विज्ञापन
विज्ञापन
बिसौली (बदायूं)। थाना फैजगंज बेहटा पुलिस ने शनिवार रात मुड़िया धुरेकी के दो समुदाय के पक्षों के मामले में घायल युवक से तीन बार तहरीर बदलवाई। उसने जो पहले तहरीर दी थीं, उसमें कांवड़ उठाने पर धमकी देने की बात लिखी गई थी। इससे पुलिस ने उस तहरीर पर कार्रवाई नहीं की। तीसरी तहरीर आने पर पुलिस ने सामान्य धाराओं में चार हमलावरों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की। देर रात उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया।
विज्ञापन

शनिवार रात मुड़िया धुरेकी कस्बे में दो समुदायों के पक्षों के बीच विवाद हो गया था। बताते हैं कि कस्बा निवासी मोहित कुमार बंदरों को चने खिला रहा था। इसी बात को लेकर आरोपी जुबैर, इमरान, रिजवान और बिल्ला ने उसके साथ गाली गलौज कर दी। उसके साथ मारपीट की और उसके चाकू मार दिया। इससे कस्बे में सांप्रदायिक तनाव जैसे हालात हो गए। दोनों पक्षों के लोग एकत्र हो गए। सूचना पर थाना पुलिस भी पहुंच गई। पुलिस घायल मोहित को थाने ले गई। जहां मोहित ने तहरीर देकर बताया कि वह घर के दरवाजे पर बैठा था, तभी आरोपियों ने उस पर हमला कर दिया और कांवड़ उठाने पर उसे जान से मारने की धमकी दी गई लेकिन इस तहरीर पर पुलिस ने एफआईआर दर्ज नहीं की।
इस पर उसने दूसरी तहरीर दी। उसमें धार्मिक टिप्पणी करने की बात लिखी गई। फिर भी पुलिस ने इस पर रिपोर्ट नहीं लिखी। बताते हैं कि पुलिस ने तीसरी तहरीर खुद बोलकर लिखाई। उसमें धर्म या कांवड़ से जुड़ी कोई लाइन ही नहीं लिखी गई। केवल पुलिस ने मारपीट, गालीगलौज, चोट पहुंचाने के आरोप में चारों आरोपियों पर मामला दर्ज किया। मोहित की ओर से दी गई तीनों तहरीर वायरल हो रही हैं। इससे पुलिस की फजीहत हो रही है तो वहीं यह माना जा रहा है कि पुलिस आरोपियों पर कार्रवाई करने की बजाय घटना को दबाने की कोशिश कर रही है। इसके अलावा शनिवार को कैंची मारने की बात की जा रही थी, जबकि रविवार को चाकू मारने की बात है।
विज्ञापन

-
तमंचा लहराते इमरान का फेसबुक पर वीडियो वायरल
मुड़िया धुरेकी के मोहित पर हमला करने वाले इमरान का फेसबुक पर एक वीडियो भी वायरल हो रहा है। उसमें आरोपी युवक तमंचा का प्रदर्शन करते दिखाई दे रहा है। वह जिस तरह हरकत करता दिखाई दे रहा है। उससे लग रहा है कि वह किसी को इशारे में चेतावनी दे रहा है। थाना पुलिस ने उसके खिलाफ कार्रवाई करने का दावा किया है।
-
तहरीर बदलवाने का आरोप गलत है। वादी ने जो तहरीर दी है। उसी के आधार पर एफआईआर लिखी गई है। वादी ने बयान भी दिया है कि उसने कोई और तहरीर नहीं दी है। उसने वीडियो में अपना बयान दिया है। तहरीर बदलवाने की बात अफवाह है।
विज्ञापन

- ओजस्वी चावला, सीओ बिसौली
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें