वजीरगंज थाने में खड़े भाई के हत्यारोपी। संवाद
- फोटो : BADAUN
बदायूं / वजीरगंज। थाना क्षेत्र के गांव तालिबनगर में पीटकर मौत के घाट उतारे गए बसंत के हत्यारोपी और कोई नहीं बल्कि उसके सगे भाई निकले। उन्होंने बसंत की हत्या करके उसके शव को पड़ोसी के दरवाजे पर डाल दिया और उसी पर आरोप लगाकर कार्रवाई कराना चाहते थे लेकिन पुलिस की जांच में परतें खुल गईं। दोनों आरोपी भाई गिरफ्तार करके शुक्रवार को जेल भेज दिए गए।
विगत 10 जुलाई की रात तालिबनगर गांव में 30 वर्षीय बसंत की पीटकर हत्या कर दी गई थी। देर रात उसका शव पड़ोसी के दरवाजे पर पड़ा मिला था। चूंकि बसंत शराब पीने का आदी था, इससे उसकी मौत शराब पीने से मानी जा रही थी। दूसरे दिन जब उसका पोस्टमार्टम कराया गया तो उसमें हत्या होने की पुष्टि हुई। उसका लिवर फटा हुआ निकला था। उसके शरीर पर चोटों के निशान थे। उसका गला भी दबाया गया था। इसके बाद पुलिस ने 11 जुलाई की रात चार लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली।
विवेचना के दौरान पुलिस को कई सुबूत ऐसे मिले, जिनसे परिवार वालों पर ही शक जा रहा था। इस पर पुलिस ने बसंत के भाई ओमपाल और डालचंद को हिरासत में लेकर पूछताछ की। उन्होंने अपना जुर्म कबूल कर लिया। बताया कि 10 जुलाई की रात उनके घर में देवी जागरण था। उसी शाम बसंत शराब पीकर आ गया। इससे परिवार वालों ने गुस्से में आकर उसके साथ मारपीट कर दी। बाद में दोनों भाइयों ने उसका गला दबा दिया। बसंत ने दो बीघा खेत बेच दिया था, इससे भी परिवार वाले उससे नाराज थे। पुलिस ने इसका खुलासा करते हुए दोनों भाइयों को जेल भेज दिया है।