बदायूं। सिविल लाइंस थाने में तैनात चार सिपाहियों पर सटोरियों से वसूली करने का आरोप लगा था। जांच एसपी देहात सिद्धार्थ वर्मा को दी गई। उन्होंने जांच रिपोर्ट एसएसपी को सौंप दी है। इसमें उनकी रिपोर्ट तीन सिपाहियों के खिलाफ है। एक सिपाही को उन्होंने क्लीन चिट देदी है।
एक माह पूर्व एसएसपी डॉ. ओपी सिंह ने सूचना के आधार पर सिविल लाइंस थाने में तैनात हेड कांस्टेबल पृथ्वी सिंह, हेड कांस्टेबल सुधीर, कांस्टेबल विपिन और जोगेंद्र गंगवार के खिलाफ विभागीय जांच एसपी देहात सिद्धार्थ वर्मा को सौंपी थी। सूचना यह थी कि सिपाही खेड़ा नवादा इलाके में सक्रिय सट्टा माफिया से मिले हुए हैं। उनसे वसूली करते हैं और सट्टा करवाते हैं। इस पर सीओ सिटी आलोक मिश्रा से रिपोर्ट मांगी गई। उन्होंने अपनी रिपोर्ट में चारों सिपाहियों के नाम लिखकर दिए थे। सामने आया कि हेड कांस्टेबल सुधीर और विपिन हमेशा सादा वर्दी में रहते थे। उनके तमाम सटोरियों से संबंध थे। यहां तक कि आईपीएल सट्टा कराने वालों को भी वह जानते थे लेकिन उन्होंने किसी के खिलाफ कार्रवाई नहीं कराई।
जांच मिलने के बाद एसपी देहात ने तमाम लोगों के बयान दर्ज किए। ऐसे में पृथ्वी सिंह, सुधीर और विपिन के खिलाफ की गई शिकायत सही निकली। सामने आया कि तीनों सिपाहियों का सटोरियों से पैसा बंधा हुआ है। वे हर माह जाकर वसूली करते हैं। इस मामले में जोगेंद्र गंगवार में लगाए गए आरोप निराधार निकले। एसपी देहात ने रिपोर्ट अगली कार्रवाई के लिए एसएसपी को सौंप दी है।
-
सिविल लाइंस थाने में तैनात सिपाहियों की जांच पूरी हो गई है। इसमें तीन सिपाही दोषी पाए गए हैं। इसकी रिपोर्ट एसएसपी को सौंप दी गई है। एक सिपाही निर्दोष निकला। वह इस कृत्य में शामिल नहीं था।
- सिद्घार्थ वर्मा, एसपी देहात