बदायूं। सपा के राष्ट्रीय महासचिव शिवपाल सिंह यादव ने कहा कि भाजपा महिलाओं का अपमान करती रही है। उनका दावा है कि भाजपा सांसद संघमित्रा मौर्य अब उनके साथ हैं। चुनाव में समाजवादी पार्टी का समर्थन कर रही हैं।
शिवपाल सिंह यादव बुधवार को कलक्ट्रेट में पत्रकारों से बातचीत रहे थे। जब उन्हें बताया गया कि सांसद संघमित्रा मौर्य ने मंगलवार को स्पष्ट कर दिया है कि वह बदायूं में भाजपा प्रत्याशी दुर्विजय सिंह शाक्य को चुनाव लड़ाएंगी। पार्टी ने मौका दिया तो मैनपुरी में कमल भी खिलाएंगी। जवाब में शिवपाल यादव ने कहा कि वह पहले ही कह चुके हैं और अब फिर कह रहे हैं, संघमित्रा मौर्य चुनाव में सपा का समर्थन कर रहीं हैं। वह हमारे साथ हैं। हम इस बात पर निश्चिंत हैं।
मुलायम सिंह यादव की बहू अपर्णा यादव के भाजपा के टिकट पर रायबरेली या मैनपुरी से चुनाव लड़ने के लिए तैयार होने के सवाल पर शिवपाल ने कहा कि भाजपा महिलाओं का सम्मान नहीं करती। सिवाय अपमान के महिलाओं को भाजपा में कभी कुछ नहीं मिला। अपर्णा को भी अब तक कुछ नहीं मिला है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दो फ्लॉप हीरो की फिल्म दोबारा रिलीज होने संबंधी बयान पर उन्होंने कहा कि भाजपाई झूठ बोलते हैं। अखिलेश यादव और राहुल गांधी परिपक्व राजनेता हैं। वे कोई फिल्म स्टार नहीं है। ये दोनों कभी फेल नहीं होते।
शिवपाल की बातों में कोई दम नहीं : संघमित्रा मौर्य
भाजपा सांसद संघमित्रा मौर्य ने कहा कि वह मंगलवार को ही स्पष्ट कर चुकी हैं कि किसके साथ हैं। वह मुखौटा लगाकर नहीं चलतीं कि कहें कुछ और करें कुछ। जहां तक शिवपाल सिंह यादव के बयान की बात है, तो उसमें कोई दम नहीं है। वह जहां थीं, वहीं हैं। वर्तमान में सांसद और पार्टी कार्यकर्ता के रूप में काम कर रहीं हैं। मैनपुरी से भाजपा के टिकट पर चुनाव लड़ने के सवाल पर बोलीं- यह तो पार्टी नेतृत्व ही तय करेगा।
सपा समर्थकों को धमका रहे हैं कुछ अधिकारी और विपक्षी, डीएम से की शिकायत
सपा के राष्ट्रीय महासचिव शिवपाल सिंह यादव ने कुछ अधिकारियों और विपक्षियों पर सपा समर्थकोंं को डराने-धमकाने का आरोप लगाते हुए डीएम से शिकायत की है। उनका कहना है कि मंगलवार को सपा समर्थक कई ग्राम प्रधानों, क्षेत्र पंचायत सदस्यों व असरदार लोगों को डरा-धमकाकर भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष भूपेंद्र चौधरी के समक्ष भाजपा में शामिल कराया गया। सोशल मीडिया पर वायरल अपने उस बयान को लेकर भी शिकायत दर्ज कराई, जिसमें उनकी ओर से कहा जा रहा है कि वोट नहीं देंगे तो हिसाब देना पड़ेगा। डीएम ने जांच का आश्वासन दिया है।
उन्होंने कहा कि आदर्श आचार संहिता 16 मार्च को लागू हुई, जिस भाषण को एडिट करके वायरल किया गया है, वह 15 मार्च दोपहर 1.30 बजे का है। एडिट करने की वजह से भाषण का संदर्भ ही गायब है। इसे वायरल करने वालों पर कार्रवाई की जाए। डीएम मनोज कुमार ने बताया कि शिकायत मिली है, लेकिन कोई साक्ष्य उपलब्ध नहीं कराया गया है। साक्ष्यों के आधार पर कार्रवाई होगी। ब्यूरो