सपा-कांग्रेस गठबंधन के बाद अब शेरवानी और आबिद की नजर बसपा की चाल पर
संवाद न्यूज एजेंसी
बदायूं। बिसौली विधायक आशुतोष मौर्य ने भी राज्यसभा चुनाव में भाजपा प्रत्याशी के पक्ष में वोट देकर सपा को झटका दे दिया।
कांग्रेस और सपा के बीच गठबंधन होने के कारण शेरवानी या आबिद को कांग्रेस से टिकट संभव नहीं है। राजनीतिक सूत्रों की मानें तो शेरवानी और आबिद की नजर अब बसपा की चाल पर है। बसपा ने अब तक आंवला और बदायूं लोकसभा सीट से प्रत्याशी घोषित नहीं किए हैं।
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आबिद ने अखिलेश को तल्ख लहजों में लिखा खत
- आबिद रजा ने पार्टी महासचिव पद से इस्तीफा देते हुए सपा मुखिया अखिलेश यादव को तल्ख लहजाें में खत लिखा है। उन्होंने स्पष्ट कहा है कि मुसलमानों की आवाज उठाने वाले नेताओं का सियासी कत्ल किया जा रहा है। सलीम शेरवानी को तीसरी बार टिकट देने के नाम पर पार्टी ने धोखा किया है। 2022 के चुनाव में भी टिकट काटकर मुसलमानों को कमजोर करने का काम किया गया। उन्होंने राष्ट्रीय सचिव के पद को लेटर हेड और विजिटिंग कार्ड छपवाने से ज्यादा कुछ नहीं है। उन्होंने सपा अध्यक्ष की राजनीतिक समझदारी पर भी सवाल उठाए है। कहा है कि आप मुसलमानों की बात सुनना नहीं चाहते। मुसलमान की बात सुनकर आपका मूड उखड़ जाता है। नेताजी मुलायम सिंह यादव मुसलमानों को लीडर बनाते थे, लेकिन अब पार्टी में मुसलमानों को खत्म किया जा रहा है।