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‘एकमुश्त समाधान योजना’ खत्म, नौ करोड़ का टैक्स नहीं वसूल पाया एआरटीओ

सार

वाहन चालकों से रोड टैक्स वसूलने के लिए 27 जून को एकमुश्त समाधान योजना शुरू थी और अब खत्म भी हो गई, लेकिन एआरटीओ कार्यालय के अधिकारी और कर्मचारी टैक्स नहीं वसूल पाए। यह टैक्स जमा कराने के लिए एआरटीओ को लक्ष्य मिला था। यह हैं विभाग के बड़े बकायेदारबाबू गद्दी 4.33 लाख हशमत अली 4.31 लाखअहमद 3.95 लाखजसपाल सिंह 3.71 लाखमुकेश गुप्ता 3.71 लाखगौस मोहम्मद 3.34 लाखराजेंद्र पाल 2.74 लाखनाजिम अली 2.39 लाखकासिम हुसैन 2.36 लाख एकमुश्त समाधान योजना की 26 सितंबर के बाद तारीख नहीं बढ़ी।
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एआरटीओ कार्यालय। संवाद - फोटो : BADAUN
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विस्तार
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बदायूं। वाहन चालकों से रोड टैक्स वसूलने के लिए 27 जून को एकमुश्त समाधान योजना शुरू थी और अब खत्म भी हो गई, लेकिन एआरटीओ कार्यालय के अधिकारी और कर्मचारी टैक्स नहीं वसूल पाए। योजना पर ज्यादा गौर नहीं करने का परिणाम यह हुआ कि वाहन मालिकों से नौ करोड़ रुपये का टैक्स नहीं वसूला जा सका।
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बदायूं जिले में 4226 वाहनों पर नौ करोड़, 73 लाख रुपये का टैक्स निकला। यह टैक्स जमा कराने के लिए एआरटीओ को लक्ष्य मिला था। शासन ने टैक्स जमा करने के लिए 27 जून को एकमुश्त समाधान योजना शुरू की थी। 27 जून से लेकर 26 सितंबर तक योजना चलाई गई। योजना केवल एक माह के लिए थी, लेकिन शासन से तीन बार इसकी तारीख बढ़ाई गई। एक माह की योजना चार माह तक चली। इसके अलावा रविवार को भी कार्यालय खोला गया। अगस्त माह में घर-घर जाकर रोड टैक्स वसूलने की योजना चलाई गई, लेकिन कार्यालय का कोई भी अधिकारी कर्मचारी टैक्स वसूलने को कार्यालय से नहीं निकला।
इस दौरान केवल 235 लोगों ने स्वयं टैक्स जमा करने को आवेदन किया। उनमें भी 216 लोगों ने 71 लाख, 53 हजार का टैक्स जमा किया। यह टैक्स जमा कराने के लिए अधिकारियों को कहीं जाना नहीं पड़ा। अभी भी जिले में 4010 वाहनों पर नौ करोड़ दो लाख रुपये का टैक्स बकाया है।
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हाल ही में पकड़े गए थे दलाल
एआरटीओ कार्यालय के बाहर से हाल ही करीब डेढ़ दर्ज दलाल पकड़े गए थे। इसके अलावा उनसे एक कार में प्रिंटर, लैपटॉप, मोहर आदि सामान बरामद हुआ था।
ई-रिक्शा पर बकाया है एक करोड़ का टैक्स
जिले में दौड़ रहे ई-रिक्शा पर ही एक करोड़ रुपये का टैक्स बकाया है। हैरानी की बात यह है कि आज तक टैक्स जमा कराने के लिए विभाग ने कभी ई-रिक्शा नहीं रोका और न कभी इसकी चेकिंग की गई। इससे ई-रिक्शा पर टैक्स बढ़ता चला गया।
यह बढ़ीं तारीख
यह योजना 27 जून को शुरू हुई थी। इसके बाद 26 जुलाई को दोबारा एक माह का समय और बढ़ाया गया। 26 अगस्त को और समय बढ़ाया गया। यह योजना 26 सितंबर तक चली। इसके बाद तारीख नहीं बढ़ाई गई।
यह हैं विभाग के बड़े बकायेदार
बाबू गद्दी 4.33 लाख
हशमत अली 4.31 लाख
अहमद 3.95 लाख
जसपाल सिंह 3.71 लाख
मुकेश गुप्ता 3.71 लाख
गौस मोहम्मद 3.34 लाख
राजेंद्र पाल 2.74 लाख
नाजिम अली 2.39 लाख
कासिम हुसैन 2.36 लाख
एकमुश्त समाधान योजना की 26 सितंबर के बाद तारीख नहीं बढ़ी। अभी नौ करोड़ से ज्यादा का टैक्स बकाया है। अगर कोई टैक्स जमा करना चाहता है तो वह कार्यालय आकर टैक्स जमा कर सकता है। एआरटीओ को इसमें अधिकार होता है कि वह टैक्स माफ कर सकता है। -विकास कुमार यादव, आरआई एआरटीओ
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