पहले भी हो चुके हैं हादसे
चार्जर में करंट आने से मौत या फिर झुलसने के मामले पहले भी हो चुके हैं। पिछले साल सितंबर में सहसवान कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला चाहशीरी निवासी रिहान (28) की मोबाइल चार्जिंग पर लगाते समय मौत हो गई थी तो 2019 में ककराला की एक महिला चार्जर में करंट आने से झुलस गई थी। मोबाइल फोन तथा इससे संबधित सामान बेचने वाले व्यापारी सागर अरोरा बताते हैं कि इस प्रकार की घटनाएं लोकल चार्जर के इस्तेमाल के समय ज्यादा होती हैं। अनियमित करंट प्रवाह इसकी वजह बनता है।