दातागंज (बदायूं)। बिजनौर के धामपुर के गांव फतेहपुर लाल उर्फ उदुपुरा के व्यक्ति की दातागंज इलाके में हत्या कर दी गई थी। इसके बाद उसका शव अलीगढ़ की एक नहर में फेंक दिया गया था। इस मामले में पुलिस ने एक आरोपी को दबोचा है, जिसने हत्या के बारे में कुछ अहम सुराग पुलिस को दिए हैं।
चरण सिंह चौहान (46) बिजनौर में धामपुर थाना क्षेत्र के गांव फतेहपुर लाल उर्फ उदुपुरा के रहने वाले थे। उनके परिवार वालों के मुताबिक चरण सिंह का ट्रैक्टर दातागंज कोतवाली क्षेत्र के गांव बराही में जल जीवन मिशन के तहत काम में लगा था।
उनका ट्रैक्टर अलीगढ़ के अतरौली थाना क्षेत्र के गांव जामुना खेड़िया निवासी ठेकेदार गोपाल चलवा रहा था। गोपाल के साथ ही उसके गांव का बबलू काम करता है। सात जून को चरण सिंह अपना हिसाब-किताब करने दातागंज आए थे, लेकिन उसके बाद चरण सिंह का कुछ पता नहीं चला।
परिवार वालों ने छानबीन की तो ठेकेदार ने बताया था कि उन्हें दातागंज से टेंपो में बैठा दिया था। जब वह घर नहीं पहुंचे तो परिवार वाले 10 जून को दातागंज कोतवाली आए और उन्होंने चरण सिंह की गुमशुदगी दर्ज करा दी। इसके साथ ही परिवार वालों ने उनकी हत्या की आशंका जताई थी।
कोतवाली पुलिस ने मामले की छानबीन शुरू कर दी थी। बताया जा रहा है कि पुलिस ने रविवार रात ठेकेदार के साथी बबलू को दबोच लिया और उनसे पूछताछ की। इसमें चरण सिंह की हत्या की बात उसने कुबूल कर ली। उन्होंने यह भी बताया कि चरण सिंह का शव अलीगढ़ की एक नहर में फेंका गया था। जब कोतवाली पुलिस ने अलीगढ़ पुलिस से संपर्क किया तो पता चला कि वहां नौ जून को एक अज्ञात शव नहर से बरामद हुआ था। उसकी पहचान नहीं हो पाई है, अज्ञात में ही अंतिम संस्कार कर दिया गया।
कोतवाली पुलिस की सूचना पर चरण सिंह के परिवार वाले सोमवार को दातागंज कोतवाली पहुंचे। चचेरे भाई भूदेव सिंह ने ठेकेदार और उसके साथी बबलू के खिलाफ पुलिस को तहरीर दी है, जिस पर पुलिस ने गुमशुदगी को हत्या में तरमीम करना शुरू कर दिया है।
ग्राम प्रधान हैं चरण सिंह की पत्नी दीपा चौहान
- चचेरे भाई भूदेव और रिश्तेदार विपिन कुमार ने बताया कि चरण सिंह सरल स्वभाव के थे। उन्हाेंने अपनी पत्नी दीपा चौहान को पहली बार चुनाव लड़वाकर गांव का प्रधान बनाया। उनके दो बच्चे हैं।
इस मामले में कुछ लोगों को पकड़ा गया है। अभी उनसे पूछताछ चल रही है। एक टीम अलीगढ़ गई है। वहां इन्होंने कहां पर शव फेंका था, उसकी छानबीन की जा रही है। जो गुमशुदगी दर्ज हुई थी, उसे हत्या में तरमीम किया जा रहा है।- केके तिवारी, सीओ दातागंज