विदुर की धरती पर अंकुरित होंगी गेहूं की दो नई प्रजातियां
बिजनौर। इस बार जनपद में कृषि फार्मों पर दो नई प्रजातियों के उन्नत बीज अंकुरित होंगे। गेहूं की डीबीडब्ल्यू 332, डीबीडब्ल्यू 327 नई उन्नत प्रजाति के बीज राजकीय कृषि फार्म कादराबाद व पृथ्वीपुर में करीब 13 हेक्टेयर क्षेत्रफल में उत्पादित की जाएंगे।
इसके लिए जनपद के हिस्से में छह क्विंटल बीज कृषि विभाग को उपलब्ध हुआ है। इस बीज से राजकीय कृषि फार्मों पर अगले साल के लिए नर्सरी के तौर पर तैयार किया जाएगा। कृषि विभाग अगले रबी सीजन में इन बीजों को जनपद के किसानों को उपलब्ध कराएगा। कृषि अफसरों का कहना है इन बीज बंपर पैदावार होगी और पौधा भी लंबा रहेगा।
डीबीडब्ल्यू -332 की विशेषताएं
- जिला कृषि अधिकारी डॉ. अवधेश मिश्रा ने गेहूं की नई प्रजाति डीबीडब्ल्यू 332 की विशेषताएं बताते हुए कहा कि यह उत्पादन में अच्छा है और लंबाई अच्छी होने से भूसा भी ज्यादा मिलेगा।
- औसत उपज 78.3 क्विंटल प्रति हेक्टेयर
- पौधे की ऊंचाई 101 सेमी
- बाली आने की अवधि 98 दिन
- पकने की अवधि 156 दिन
- हजार दानों का भार 46.0 ग्राम और आयरन 39.2 पीपीएम
डीबीडब्ल्यू - 327 की विशेषताएं
- जिला कृषि अधिकारी डॉ. अवधेश मिश्रा ने गेहूं की नई प्रजाति डीबीडब्ल्यू 327 की विशेषताएं बताते हुए कहा कि यह उत्पादन में अच्छा है।
- औसत उपज 79.4 क्विंटल प्रति हेक्टेयर
- पौधे की ऊंचाई 98 सेमी
- बाली आने की अवधि 98 दिन
- पकने की अवधि 155 दिन
- उच्च ताप और सूखा सहनशीलता
- हजार दानों का भार 48.0 ग्राम
इस बार जनपद के राजकीय कृषि फार्म पृथ्वीपुर, कादराबाद में दो नई प्रजाति डीबीडब्ल्यू -327 एवं डीबीडब्ल्यू-332 बीज की नर्सरी तैयार हो रही है। यहां उत्पादित बीज अगले सीजन में किसानों को उपलब्ध कराया जाएगा।
-डॉ. अवधेश मिश्रा, जिला कृषि अधिकारी