बिजनौर। गंगा बैराज पर पश्चिमी उत्तर प्रदेश का पहला कियाकिंग कैनोइंग प्रशिक्षण केंद्र बनाने की तैयारी है। इसके लिए आज गंगा बैराज पर ट्रायल होगा। ट्रायल के लिए कण्व ऋषि आश्रम से दो किलोमीटर दूर दो किमी से भी ज्यादा लंबी प्राकृतिक झील मिली है। यह स्थान प्रशिक्षण केंद्र बनाने के लिए बेहतर बताया गया है। प्रतियोगिता के लिए यहां पर दस फुट से भी ज्यादा गहरा पानी मिला है।
शनिवार को जिलाधिकारी उमेश मिश्रा, पुलिस अधीक्षक नीरज कुमार जादौन, मुख्य विकास अधिकारी पूर्ण बोरा, जिला क्रीड़ाधिकारी जयवीर सिंह ट्रायल के लिए गंगा बैराज पर झील की तलाश में पहुंचे। इनके साथ अंतरराष्ट्रीय, राष्ट्रीय कयाकिंग कैनोइंग खिलाड़ियों ने गंगा बैराज का नाव से मुआयना किया। मुआयना करते हुए कण्व ऋषि आश्रम से दो किलोमीटर दूर प्रतियोगिता के प्राकृतिक झील पर तलाश खत्म हुई। यह झील करीब दो किमी से भी लंबी है और यहां पर पानी की गहराई दस फुट से भी ज्यादा है। वहीं इसे कयाकिंग कैनाेइंग खेल के लिए बेहतर माना जा रहा है।
उधर इन खेल के ट्रायल रविवार को इसी जगह पर किए जाएंगे। अगर सब कुछ ठीक रहा तो जल्द ही यहां पश्चिमी उत्तर प्रदेश का पहला कयाकिंग कैनोइंग प्रशिक्षण केंद्र बनाया जाएगा। जिले के खिलाड़ियों के लिए इस खेल के शुरू होने से नए दरवाजे खुलेंगे। जिला क्रीड़ाधिकारी जयवीर सिंह ने बताया कि जिस जगह को प्रशिक्षण केंद्र के चिन्हित किया गया है, वहां पर्याप्त जमीन है। जमीन की लंबाई दो किलोमीटर पर्याप्त मिली है। विशेषज्ञों और खिलाड़ियों ने गंगा में नाव चलाकर देखी। जिलाधिकारी के माध्यम से इस खेल से संबंधित साधनों की मांग शासन से की जाएगी।
- जमीन तलाशने में ये खिलाड़ी रहे मौजूद
जिला क्रीड़ाधिकारी के मुताबिक अंतरराष्ट्रीय, राष्ट्रीय कियाकिंग कैनोइंग खिलाड़ियों ने जमीन की तलाश की। रुड़की से आए कोच फिरोज खान, अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी पूजा चौहान, राष्ट्रीय खिलाड़ी आयान, ऋषि ने भी पानी में नाव चलाकर देखी। जमीन पर्याप्त मात्रा में मिली है।
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जिलाधिकारी वर्जन:
अब जल पर दौड़ेगी जिले के विकास की नाव: डीएम उमेश मिश्रा
जिलाधिकारी उमेश मिश्रा ने बताया कि ट्रायल और प्रशिक्षण केंद्र के लिए कण्व ऋषि आश्रम से दो किलोमीटर दूर जगह चिन्हित कर ली गई है। गंगा के दोनों किनारों पर टापू बने हुए हैं और बीच में प्राकृतिक झील है। यहां पानी भी 10 से 12 फुट तक है। प्रशिक्षण केंद्र के हिसाब से यह जमीन बहुत बेहतरीन है। इससे जिले के विकास को रफ्तार मिलेगी, वहीं यह भी एक बेहतरीन पर्यटन स्थल बन जाएगा।