बिजनौर। मुख्यमंत्री ग्राम परिवहन योजना के तहत देहात से जिला मुख्यालय तक बस संचालन के लिए 30 आवेदन आए। अब परिवहन निगम की ओर से सभी प्रस्तावित रूटों का सर्वे किया जाएगा। नियमों पर खरा उतरने के बाद ही बसों के संचालन की अनुमति दी जाएगी। ग्रामीण क्षेत्रों तक यातायात व्यवस्था बेहतर करने के लिए मुख्यमंत्री ग्राम परिवहन योजना चलाई जा रही है। अलग-अलग रूटों पर बस संचालन के लिए आवेदन मांगे गए थे। लोगों ने अपनी सुविधा देखते हुए आवेदन किया। अब परिवहन निगम की ओर से प्रस्तावित प्रत्येक रूट पर गांवों की संख्या, किलोमीटर, आवागमन के लिए वाहन की स्थिति सहित अन्य बिंदुओं का सर्वे किया जाएगा। नियम पूरे होने के बाद ही प्रस्तावित रूट पर बस चलाने की अनुमति मिलेगी। सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक अशोक कुमार ने बताया कि गाइडलाइन जारी होने के 45 दिन में रूट पर बस चलाने का नियम है। प्राप्त आवेदन के अनुसार रूटों का सर्वे कर अप्रैल माह में बस संचालित हो सकेंगी। इसके लिए बस स्वामियों कोई रूट परमिट लेने की जरूरत नहीं पड़ेगी। उन्हें केवल परिवहन निगम को 1500 रुपये प्रतिमाह शुल्क देना होगा।