आजादी के आंदोलन में ये वीरांगनाएं रहीं शामिल
हल्दौर निवासी अंबा देवी ने सविनय अवज्ञा आंदोलन में बढ़ चढ़कर हिस्सा लिया था। उन्हें सन 1932 में तीन महीने की कड़ी सजा और 100 रुपये के जुर्माने की सजा मिली थी। धामपुर निवासी अंगूूरी देवी पत्नी रामनिवास को छह महीने की कड़ी सजा और 50 रुपये जुर्माना, अंजनी देवी पुत्री गुलाब सिंह निवासी धामपुर को छह महीने की कड़ी सजा और 25 हजार रुपये जुर्माना, कमला देवी को पत्नी महावीर प्रसाद जैन को एक महीने की कड़ी सजा और 50 रुपये जुर्माना, बढ़ापुर निवासी कलावती पत्नी चंदन सिंह को एक महीने की कैद व 250 रुपये जुर्माना, हल्दौर की कैलाशवती पत्नी शिवराज सिंह को छह महीने की कैद व 25 रुपये जुर्माना, नेमीशरण जैन की माता दुर्गा देवी को सविनय अवज्ञा आंदोलन में एक माह की कैद व 250 रुपये जुर्माना तथा साल 1933 में दोबारा तीन महीने की कैद व 50 रुपये के जुर्माने की सजा मिली थी। और भी कई महिलाओं को सजा मिली थी।