अफजलगढ के गांव मनोहरवाली बनैली नदी से निकाली डूबी महिला।
बिजनौर, अफजलगढ़। पहाड़ की बारिश से बनैली नदी में आए उफान के चलते मनोहरवाली में रपटे पर तेज बहाव में एक बैल बुग्गी नदी में बहकर पलट गई। बुग्गी पर सवार किसान दंपती नदी में बह गए, जिन्हें बचाने आया एक युवक भी तेज धारा में टिक नहीं पाया और डूबने लगा। हालांकि ग्रामीणों की भीड़ ने तीनों को कड़ी मशक्कत करते हुए सकुशल निकाल लिया।
शनिवार को मनोहरवाली के समीप रपटे पर बनैली नदी का पानी तेज गति से बहने लगा। इसी बीच गांव निवासी महीपाल सिंह व उसकी पत्नी जीतो देवी सुबह करीब 10 बजे नदी पार से चारा लेने के लिए बैलगाड़ी से गए थे। एक बजे के बाद अचानक से नदी में पानी बहुत अधिक बढ़ गया। जब वह चारा लेकर लौटे तो बनैली नदी के रपटे के बीच नदी की धारा में फंस गए। उनकी बैलगाड़ी पानी के अधिक वेग से पलट गई। वहीं बैल भी पानी में बह गया, बुग्गी पर सवार पति-पत्नी भी पानी की धारा में बहने लगे, जिन्हें डूबता देख उन्हें बचाने गांव का ही रवि पानी में कूद गया। लेकिन वह भी पानी की तेज धार में बहने लगा। इन लोगों ने बैलगाड़ी को पकड़ लिया।
मौके पर मौजूद ग्रामीणों ने करीब आधा घंटे रेस्क्यू कर रस्सी की मदद से पति-पत्नी और रवि को बाहर निकाला। बचाव कार्य में इरशाद, गुफरान, शहबाज, अनीश, नजम, अली शेर, जुनैद, साकिब व खुर्शीद आदि ग्रामीण रहे।
- नदी के तटबंध को भी खतरा
मनोहरवाली के पास बनैली नदी पर बना तटबंध भी पानी के अधिक वेग के कारण कटने लगा है। मौके पर सैकड़ों ग्रामीण पेड़ आदि काटकर कटे हुए तटबंध पर डालकर पानी के बहाव को कम करने का प्रयास कर रहे हैं। उधर तटबंध पर किसी भी अधिकारी के नहीं पहुंचने पर ग्रामीणों में रोष है। दूसरी ओर गांव शाहपुरजमाल से भटपुरा को जाने वाला मार्ग धारा नदी में बहाव तेज होने के कारण कटकर क्षतिग्रस्त हो गया। पूर्व में भी यह मार्ग पिछले दिनों पीली डैम से पानी छोड़े जाने पर नदी का वेग बढ़ने पर कटकर क्षतिग्रस्त हो गया था। इससे राहगीरों को आवागमन में परेशानी हो रही है, उन्हें दूसरे मार्ग से अधिक दूरी तय कर गांव आना जाना करना पड़ रहा है।