बिजनौर। रुहेलखंड विश्वविद्यालय ने जिले के डिग्री काॅलेजों के विद्यार्थियों को शोध कार्य अर्थात पीएचडी करने की बड़ी सुविधा दी है। विश्वविद्यालय ने विभिन्न विषयों में शोध पर्यवेक्षक की नियुक्ति कर दी है। अब अधिक संख्या में विद्यार्थी विभिन्न विषयों में शोध कर सकेंगे। इससे रोजगार के अवसर बढ़ेंगे। डिग्री काॅलेजों के विद्यार्थी खुश हैं।
जिले के डिग्री काॅलेजों के विद्यार्थियों को शोध कार्य अर्थात पीएचडी करने के लिए बाहर जाना पड़ता था। अनेक मेधावी आर्थिक कारणों से बाहर नहीं जा पाते थे। रुहेलखंड विश्वविद्यालय में विद्यार्थियों को बड़ी राहत दी है। डिग्री काॅलेजों के विद्यार्थियों जिले में ही पीएचडी कर सकेंगे।
विश्वविद्यालय ने विभिन्न विषयों में जिले के अशासकीय सहायता प्राप्त डिग्री काॅलेजों से आठ शोध पर्यवेक्षक नियुक्त किए हैं। विश्वविद्यालय के मीडिया सदस्य तपन कुमार वर्मा के अनुसार नव नियुक्त शोध पर्यवेक्षक से 22 जून तक संबंधित महाविद्यालय से नियुक्ति पत्र प्रमाणित कराकर विश्वविद्यालय भेजने को कहा गया है।
- ये हैं नव नियुक्त शोध पर्यवेक्षक व विषय
रुहेलखंड विश्वविद्यालय के मीडिया सदस्य तपन कुमार वर्मा के अनुसार देवेश कुमार गुलाब सिंह हिंदू महाविद्यालय चांदपुर अर्थशास्त्र, शीबा परवीन आरबीडी बिजनौर अंग्रेजी, राजीव कुमार विश्नोई वर्धमान काॅलेज बिजनौर गणित, ललित चौहान वर्धमान काॅलेज बिजनौर भौतिक विज्ञान, डॉ. नीतीश गुप्ता वर्धमान काॅलेज बिजनौर कामर्स, विनोद कुमार गुलाब सिंह हिंदू महाविद्यालय चांदपुर भूगोल, अल्पना सिंह एसबीडी धामपुर हिंदी तथा सुरभी सिंघल वर्धमान काॅलेज बिजनौर स्टेटिस्टिक्स।
विद्यार्थी खुश
जिले के डिग्री कालेजों के शिक्षकों के शोध पर्यवेक्षक नियुक्त होने से विद्यार्थी खुश हैं। छात्रों अंशिका, वर्णिका, गजेन्द्र व दीपिका का कहना है कि विश्वविद्यालय का निर्णय छात्र हित में सराहनीय है।