बिजनौर में सोने की बिक्री पर सेंट्रल एक्साइज ड्यूटी लगाने के विरोध में सर्राफाओं ने वित्त मंत्री अरुण जेटली का पुतला फूंका। 12 दिन से बाजार बंद होने के बावजूद क्षेत्रीय सांसदों और विधायकों ने उनकी खबर न लिए जाने का भी विरोध किया गया।
सर्राफा बाजार में आयोजित बैठक में वक्ताओं ने कहा कि वित्तीय वर्ष 2016-17 के बजट में केंद्रीय एक्साइज ड्यूटी लगाकर उन पर कुठाराघात किया है। इसके विरोध में पूरे देश में सर्राफा बाजार बंद है। उन्होंने कहा कि एक मार्च से सभी सर्राफा अपने प्रतिष्ठान बंद कर हाथ पर हाथ धरे बैठे हैं। लेकिन अभी तक किसी भी क्षेत्रीय सांसद या विधायक ने उनकी सुध नहीं ली है।
इस बैठक में जिला बार एसोसिएशन, मेडिकल एसोसिएशन, अनाज, फल मंडी आदि संगठनों से उनका सहयोग करने की अपील की गई। बैठक की अध्यक्षता जिला सर्राफा स्वर्णकार संघ संरक्षक वीरेंद्र अग्रवाल ने की। बैठक में अतुल अग्रवाल, जंगबहादुर वर्मा, विकास अग्रवाल, राजू वर्मा, विजय सागर, विपिन वर्मा, अरविंद अग्रवाल आदि मौजूद रहे।
नजीबाबाद में एक्साइज ड्यूटी के विरोध में क्षेत्र के सर्राफा कारोबारियों ने शनिवार को केंद्रीय वित्त मंत्री का पुतला फूंका।
केंद्र सरकार द्वारा सर्राफा कारोबार पर लगाई एक्साइज ड्यूटी का सर्राफा कारोबारी बीते एक सप्ताह से विरोध कर रहे हैं। शनिवार को सर्राफा प्रतिष्ठान बंद रख सर्राफा कारोबारियों ने चौक बाजार में केंद्रीय वित्त मंत्री अरुण जेटली का पुतला फूंका। सर्राफा स्वर्णकार संघ के जिला महामंत्री कपिल सर्राफ ने कहा जब सरकार एक्साइज ड्यूटी को लेकर अपना फैसला वापस नहीं लेती, आंदोलन जारी रहेगा।
इसमें विवेक देव शर्मा, राजीव अग्रवाल, मयंक वर्मा, अरुण अग्रवाल, जुनैद अंसारी, रचित अग्रवाल, मयंक अग्रवाल आदि रहे। उधर, सर्राफा कारोबारियों की हड़ताल से शादी के लिए आभूषण खरीदने वाले परेशान हैं।