बिजनौर। आज 20 मार्च को विश्व प्रसन्नता दिवस मनाया जा रहा है। हंसना सेहत के लिए काफी फायदेमंद है। खुश रहने से व्यक्ति खुद को तनाव से दूर रख सकता है। खुश नहीं होने पर व्यक्ति कहीं न कहीं खुद को ही चोट पहुंचाता है। खुश रहने से कई बीमारियों के होने का खतरा कम हो जाता है।
लोग खुद को खुश रखने के लिए योग कर रहे हैं। सुबह के समय देखा जाता है कि उद्यानों में लोग हास्य योग कर खुद को तनाव मुक्त करने का प्रयास करते हैं। हंसना उतना ही जरूरी है, जितना जीने के लिए भोजन है। खुलकर हंसने से व्यक्ति तनाव मुक्त रहता है। उनके मन में आत्महत्या जैसे गलत विचार नहीं आते हैं। हंसने से सेरोटोनिन रसायन का स्राव होता है। जिससे व्यक्ति खुद को बड़ा और मजबूत महसूस करता है।
जिला अस्पताल में तनाव, शुगर, उच्च रक्तचाप, मोटापा संबंधित बीमारियों के रोजाना 30 मरीज पहुंच रहे हैं। चिकित्सक इसका कारण व्यक्ति का खुश नहीं होना बता रहे हैं। जिसके चलते चिकित्सक उन्हें खुश रहने की सलाह दे रहे हैं। जब व्यक्ति किसी बात को लेकर चिंतित रहता है तो उसके शरीर में सेरोटोनिन रसायन का स्राव होना बंद हो जाता है। जिसकी वजह से व्यक्ति खुद से नफरत करने लगा है और तमाम बीमारियों का शिकार हो रहा है।
खुश रहने के फायदे
- भूख अच्छी लगती है
- व्यक्ति तनाव से दूर रहता है
- तमाम तरह की बीमारियां नहीं होती हैं
- रोग प्रतिरोधक क्षमता ठीक रहती है
- एकाग्रता में सुधार होता है
खुश रहना व्यक्ति के लिए बहुत जरूरी है। आजकल आत्महत्या जैसे मामले ज्यादा बढ़ रहे हैं। इसका कारण व्यक्ति का खुद संतुष्ट और खुश नहीं होना है। खुश रहने से रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है। जिससे व्यक्ति को बीमारी होने का खतरा कम हो जाता है - डॉ. नितिन कुमार, मनोरोग विशेषज्ञ, जिला अस्पताल
हर बीमारी का इलाज स्वयं संभव नहीं है, जो संभव है, उससे बीमारी की रोकथाम की जा सकती है। खुश रहना बेहद जरूरी है। किसी तरह तनाव न लें। परिवार के सदस्यों के साथ खुश रहें। इससे बीमारी बेहद कम हो जाएगी - डॉ. आरएम वर्मा, फिजिशियन, जिला अस्पताल