- स्याऊ सीएचसी से सर्पदंश का मरीज किया गया था रेफर
संवाद न्यूज एजेंसी
बिजनौर। सर्पदंश के मरीज का चांदपुर सीएचसी पर इलाज नहीं करते हुए चिकित्सकों ने मेडिकल अस्पताल रेफर कर दिया था। जबकि अस्पताल में एंटी स्नेक वेनम उपलब्ध था। मरीज के इलाज में लापरवाही बरतने पर सीएमओ ने जांच करते हुए चिकित्सा अधीक्षक व फार्मासिस्ट का तीन-तीन दिन का वेतन काटने के आदेश दिए।
चांदपुर के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र स्याऊ पर तीन पहले सर्पदंश का एक मरीज आया था। सीएचसी पर एंटी स्नेक वेनम और अन्य दवाई होने की बावजूद भी चिकित्सकों ने मरीज को रेफर कर दिया था। इस संबंध में जांच के लिए बुधवार को मुख्य चिकित्साधिकारी डाॅ. विजय कुमार गोयल ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र स्याऊ चांदपुर का निरीक्षण किया। जांच में पाया गया कि सीएचसी पर एंटी स्नेक वेनम उपलब्ध है। इसके बावजूद भी मरीज के इलाज में लापरवाही बरती गई। जिसके चलते सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के चिकित्सा अधीक्षक डाॅ. केपी सिंह व फार्मेसिस्ट का तीन-तीन दिन का वेतन काटने के निर्देश दिए हैं। सीएमओ डॉ. विजय कुमार गोयल ने कहा कि दोनों से ही जवाब-तलब भी किया गया है। मरीजों के इलाज में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।