- इस मौसम में वायरस और बैक्टीरिया सक्रिय रहते हैं
- 30 मरीज तक रोजाना आंखों की एलर्जी के मेडिकल अस्पताल पहुंच रहे
संवाद न्यूज एजेंसी
बिजनौर। बरसात के मौसम में तमाम तरह के बैक्टीरिया और वायरस सक्रिय हो हो जाते हैं। धूल के कणों के साथ आंखों में पहुंचकर एलर्जी की समस्या पैदा कर रहे हैं। मेडिकल अस्पताल में इस समय आंखों की एलर्जी के 30 मरीज तक पहुंच रहे हैं।
लोगों को भले ही भीषण गर्मी से राहत मिली है। मगर इससे बीमारियां पनपने लगी हैं। इस समय आंखों में कंजंक्टिवाइटिस की समस्या ज्यादा दिखाई दे रही है। बढ़ी हुई नमी और दूषित पानी के संपर्क में आने के कारण आंखों से संबंधित समस्याओं बढ़ रही हैं।
बैक्टीरिया और वायरल संक्रमण के कारण आंखों में चिपचिपापन, पीला स्राव और सूजन जैसी दिक्कतें दिखाई दे रही है। कंजंक्टिवाइटिस बैक्टीरिया और वायरस से होने वाली बीमारी है। मेडिकल अस्पताल में इस समय करीब 150 मरीजों की ओपीडी हो रही हैं। जिनमें आंखों की एलर्जी की करीब 30 मरीज पहुंच रहे हैं।
बरसात में आंखों को एलर्जी से ऐसे बचाएं
-आंखों को बार-बार छूने से बचें
-चेहरे के लिए अलग-अलग तौलिया रखें
-जलभराव वाले स्थानों पर न जाएं
-आंखों पर मेकअप न लगाएं।
-अपने चेहरे को साफ पानी से धोते रहें।
-परेशानी होने पर चिकित्सक से परामर्श लें
बरसात के दिनों में आंखों में कंजंक्टिवाइटिस की समस्या बढ़ी है। बैक्टीरिया और वायरस के सक्रिय होने से यह परेशानी हो रही है। इसलिए बरसात में आंखों का बचाव करें। कुछ भी परेशानी होने पर चिकित्सक से परामर्श लें। - डॉ. रजनीश शर्मा, नेत्र रोग विशेषज्ञ, मेडिकल अस्पताल, बिजनौर