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पेपर लीक प्रकरण : धामपुर के दो आरोपियों सहित तीन पर गैंगस्टर का केस दर्ज

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पेपर लीक प्रकरण : धामपुर के दो आरोपियों सहित तीन पर गैंगस्टर का केस दर्ज
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धामपुर (बिजनौर)। उत्तराखंड एसएसएससी पेपर लीक प्रकरण में एसटीएफ की ओर से धामपुर के दो आरोपियों सहित तीन के खिलाफ देहरादून में गैंगस्टर में केस दर्ज हो गया है। अब तक इस प्रकरण में 34 आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है। सूत्रों का कहना है कि एसटीएफ की ओर से अब आरोपियों की संपत्ति को जब्त करने की कार्रवाई शुरू करने वाली है।
बताया गया आरोपियों पर काफी संपत्ति है। कई संपत्तियां तो आरोपियों की पार्टनरशिप में है। यह सभी संपत्तियां जब्त होंगी। किसी को बख्शा नहीं जाएगा। बताया गया कि आरोपियों के पार्टनर संपत्ति को जब्त होने से बचाने के लिए जुगत में लगे हैं। उत्तराखंड एसएसएससी पेपर लीक प्रकरण में आरोपियों की दिनोदिन मुसीबतें बढ़ती ही जा रही हैं। तीन दिन पहले देहरादून एसटीएफ ने प्रकरण के 17वें आरोपी ललित राज शर्मा को रिमांड पर धामपुर में लाकर केस से संबंधित सबूत जुटाए थे। करीब डेढ़ घंटे तक एसटीएफ ने मोहल्ला बाड़वान में उसके बंद घर को खुलवाकर साक्ष्य एकत्र किए थे। बताया गया कि इस मकान में आरोपी ने करीब सौ से ज्यादा युवकों को पेपर की तैयारी करा नकल कराई थी।
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सूत्रों का कहना है कि इस प्रकरण में धामपुर के दो आरोपियों को एसटीएफ नेे गिरफ्तार कर इनके खिलाफ गैंगस्टर में केस दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है। बताया गया कि तीसरा आरोपी धामपुर के एक व्यक्ति का रिश्तेदार है, जो लखनऊ में रहता है। इनके खिलाफ भी गैंगस्टर का केस कायम हुआ है। बताया गया कि केस दर्ज होने के बाद अब एसटीएफ की ओर से इन सभी आरोपियों की संपत्तियों को जब्त करने की कार्रवाई की जाएगी, हालांकि सूत्रों का कहना है कि इस मामले में अभी एसटीएफ की ओर से प्रकरण के छठवें नंबर के टीचर्स कॉलोनी निवासी आरोपी केंद्रपाल सिंह चौहान को रिमांड पर लाकर उनसे साक्ष्य एकत्र करेगी।
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संपत्तियां तो आरोपियों की सभी प्रकार की जब्त होगी।
सूत्रों का कहना है कि आरोपियों की क्षेत्र में नामी और बेनामी कई स्थानों पर संपत्तियां हैं। कई ऐसी संपत्तियां हैं जो सफेदपोशों के साथ पार्टनरशिप में है। संपत्ति जब्तीकरण के मामले की भनक लगने पर आरोपियों के पार्टनर संपत्तियों को जब्त होने से बचाने की जुगत में लग गए हैं। हालांकि जानकारों का कहना है कि एसटीएफ की कार्रवाई से पार्टनरों की संपत्तियों भी किसी भी दशा में बचने वाली नहीं है। संपत्तियां तो आरोपियों की सभी प्रकार की जब्त होगी।
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