- धोखाधड़ी व अमानत में खयानत का लगाया गया है आरोप
संवाद न्यूज एजेंसी
बिजनौर। सीजेएम शिवानंद गुप्ता ने प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र नजीबाबाद के दो चिकित्सकों सहित छह स्वास्थ्य कर्मियों के विरुद्ध धोखाधड़ी व अमानत में खयानत की रिपोर्ट दर्ज कर उसकी विवेचना करने का आदेश नजीबाबाद पुलिस को दिया है।
नजीबाबाद निवासी धीरज कुमार द्वारा सीजेएम न्यायालय में दिए प्रार्थना में कहा है कि उसे सीएमओ एवं एसीएमओ बिजनौर और प्रभारी चिकित्सा अधिकारी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र नजीबाबाद डॉ. फैज हैदर ने उसे वैक्सीन ले जाने व छोड़ने के लिए कोल्ड चेन होल्डर के पद पर पीएचसी नजीबाबाद में तैनात किया था। उसे परिचय पत्र भी जारी किया गया था। उसने नजीबाबाद पीएचसी पर तैनात डॉ. फैज हैदर, डॉ. सुशील कुमार, एमओ मनोज कुमार, एचईओ नपेंद्र, बीपीएम महिपाल सिंह, देवेंद्र के दिशा निर्देशानुसार वैक्सीन पहुंचाने का कार्य किया।
उसने पल्स पोलियो की वैक्सीन भी ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में पहुंचाई। उसने महिला हेल्परों की मदद से कोविड के सर्वे का कार्य भी किया। उसके द्वारा किए गए कार्य की राशि 4,89,445 का भुगतान इन लोगों ने नहीं किया है। जबकि यह भुगतान राशि इन्हें शासन से प्राप्त हुई है। उसकी भुगतान राशि के पैसे उसे न देकर धोखाधड़ी से हड़प लिए। भुगतान मांगने पर जेल भिजवाने की धमकी दी। उसे मई 2022 में नौकरी से हटा दिया गया। इस मामले में पुलिस ने शिकायत के बाद भी कोई कार्रवाई नहीं की। अधिवक्ता संतोष सिंह के अनुसार सीजेएम शिवानंद गुप्ता ने इस मामले में दो चिकित्सकों सहित छह स्वास्थ्यकर्मियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करने के आदेश दिए हैं।