नजीबाबाद में दशलक्षण पर्व पर जैन मंदिर में पूजा-अर्चना करते श्रद्धालु।
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‘तप और समर्पण से ही संवरता है जीवन’
नजीबाबाद। दशलक्षण पर्व का सातवां दिन उत्तम तप धर्म के रूप में मनाया गया।
श्री दिगंबर जैन पंचायती और सरजायती मंदिर में दशलक्षण पर्व पर वेदी पूजन के साथ अभिषेक और प्रक्षाल में श्रद्धालुओं ने भाग लिया। अजय जैन और जितेंद्र जैन ने उत्तम तप धर्म पर चर्चा करते हुए कहा कि मोक्ष प्राप्त करने के बाद ही जैन धर्म में भगवान तीर्थंकर की पदवी पाते हैं। अजय जैन ने माडला का विशेष पूजन किया। जैन विद्वानों ने कहा कि तपस्या और धर्म के प्रति समर्पण के माध्यम से ही जीवन में श्रद्धा और आस्था का भाव जन्म लेता है और धर्म में समाकर जीवन का उद्देश्य साकार होता है। पूजा-अर्चना और धर्म चर्चा में जिनेश्वर प्रसाद जैन, राजीव जैन, जितेंद्र जैन, दीपक जैन, अजय जैन, अनुभव जैन, नमन जैन, आदि जैन, लोकेश जैन, समला जैन, सुनीता जैन, मनीषा जैन, रैना जैन सहित अनेक श्रद्धालुओं ने भाग लिया।