- प्रशासन ने बनाई कार्ययोजना, जल्द शुरू होगा काम
- स्कृतिक केंद्र के पीछे बनेगा संग्रहालय
रजनीश त्यागी
बिजनौर। जिले में पहला सांस्कृतिक केंद्र इंदिरा बाल भवन में बनने जा रहा है। इसके बनने के बाद से यहां पर सरकारी तौर पर कवि सम्मेलन, जिले के इतिहास को बताने वाले नाटक जैसे कार्यक्रम किए जाएंगे। वहीं इसके अलावा सांस्कृतिक मंच के पीछे संग्रहालय भी बनाया जाएगा। यहां पर जिले की धरोहर को संरक्षित किया जाएगा।
बिजनौर के लिए एक और उपलब्धि मिलने जा रही है। सबकुछ ठीक रहा तो पहली बार कोई सांस्कृतिक केंद्र और संग्रहालय जिला मुख्यालय पर बन जाएगा। इसके बनने के बाद जहां सरकारी तौर पर होने वाले कार्यक्रमों में जिले की प्रतिभाओं को मौका मिल सकेगा, वहीं इसी सांस्कृतिक मंच के जरिए ऐसे नाटकों का आयोजन भी होगा, जो जिले के गौरवशाली इतिहास को बताएंगे। प्रशासन ने सांस्कृतिक मंच और संग्रहालय का नाम जिले की हस्तियों के नाम पर रखने की योजना भी बनाई है।
प्रदर्शनी मैदान चौक से बाइपास तक होगा विकास
इसके अलावा प्रदर्शनी मैदान, स्टेडियम के सामने तक जहां स्ट्रीट फूड के दुकानदारों को बढ़ावा मिलेगा, वहीं इस सड़क पर जिले में बनने वाले उत्पादों को भी जगह मिलेगी। प्रशासन की योजना है कि फोर लेन बनने के बाद सभी भारी वाहनों का यातायात बाइपास से निकाला जाएगा। इसके बाद यह सड़क शांत हो जाएगा और हाईवे से निकलकर नगर पालिका परिक्षेत्र में आ जाएगी। प्रशासन ने इसका पूरा प्रोजेक्ट तैयार करने के लिए नगर पालिका और विनियमित क्षेत्र को जिम्मेदारी सौंपी है।
रावली बंदे पर नहीं दौडेंगे वाहन, पैदल सैर का लेंगे आनंद
रावली बंदे की दूरी करीब सात से आठ किलोमीटर के बीच है। प्रशासन ने इस पर वाहनों की आवाजाही बंद करने की तैयारी शुरू कर दी है। इसके बाद यहां पर दौड़ने के लिए ट्रैक, साइकिल ट्रैक बनाया जाएगा। इसका मकसद यहां पर पर्यटन बढ़ाने का मकसद है। इसके जरिए गंगा बैराज से कण्व ऋषि आश्रम तक पर्यटन को बढ़ावा देना है।
मिलेगा रोजगार, बढ़ेगा विकास: डीएम
डीएम उमेश मिश्रा ने बताया कि इंदिरा बाल भवन को विकसित करने के साथ-साथ बैराज रोड को भी विकसित करने की योजना है। इससे जहां युवाओं को रोजगार मिलेगा, वहीं जिले का विकास भी होगा। इसका पूरा खाका खींच लिया गया है और जल्द इस इस पर काम शुरू कराया जाएगा।