- झपट्टा मारा तो मां-बाप ने मचाया शोर, फिर भाग गुलदार
- पिछले एक माह से चल रही गुलदार की तलाश, फिर भी पकड़ से दूर
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अफजलगढ़ (बिजनौर)। गुलदार ने गांव आसफाबाद चमन में खेत में काम करने गए मां बाप के साथ गई एक बच्ची पर हमला कर जख्मी कर दिया। बच्ची के मां बाप के दबिश देने पर गुलदार बच्ची को जख्मी हालात में छोड़ कर जंगल में भाग निकला। परिजनों ने उपचार के लिए सीएचसी में भर्ती कराया गया।
गांव आसफाबाद चमन निवासी मदन सिंह उनकी पत्नी सुनीता सुबह सात बजे जंगल में गन्ने की छिलाई करने के लिए गए थे। उनके साथ तीन साल की बच्ची गायत्री भी गई थी। पति-पत्नी गन्ने की छिलाई करने लगे, गायत्री पास में ही बैठी थी। अचानक खेत से गुलदार ने निकलकर गायत्री पर झपट्टा मार दिया। गुलदार को बच्ची पर हमला करते देख मदन सिंह ने गन्ने से गुलदार पर वार किया और शोर मचाया, जिस पर गुलदार बच्ची को छोड़कर भाग निकला। ग्रामीणों में गुलदार का भय व्याप्त है। ग्रामीण अकेले-दुकेले खेतों पर भी जाने से घबरा रहे हैं। इस समय लगातार क्षेत्र के कई गांवों में गुलदार का आतंक छाया हुआ है। रेहड़ व अफजलगढ़ थाना क्षेत्र के गांव में गुलदार ने बच्चियों सहित तीन लोगों को मौत के घाट उतार दिया। कई लोगों को जख्मी कर दिया।
ग्रामीणों वन विभाग के अधिकारियों से गुलदार को पकड़कर वन क्षेत्र में छुड़वाने की मांग की है। सूचना पर वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और जख्मी बच्ची को पीएचसी कासमपुरगढ़ी ले जाकर टीका लगवाकर उसे घर ले जाकर छोड़ा। इस संबंध में डीएफओ अरुण कुमार ने बताया कि जंगल में टीम भेजी जा रही है। उन्होंने लोगों से सतर्कता बरतने और हांका लगाकर खेत में काम करने को कहा है। साथ ही सलाह दी कि छोटे बच्चों को खेतों पर न लेकर जाएं। गौरतलब है कि गांव मुस्सेपुर, मच्छमार, शाहपुरजमाल, शेरगढ़ के मौजा बहादरनगर में सहित पांच स्थानों पर गुलदार को पकड़ने के लिए पिंजरे लगाए गए हैं।
गुलदार की तलाश में कई घंटे काबिंग, पिंजरा लगाकर इंतजार
बुधवार को सुबह गांव आसफाबाद चमन में परिजनों के साथ खेत पर गई बच्ची पर गुलदार के हमले के बाद सूचना पर गांव पहुंची वन विभाग की टीम ने कांबिंग की। इसके बाद संभावित स्थान चिह्नित कर पिंजरा लगाया और फिर से गुलदार के फंसने का इंतजार किया जा रहा है। बुधवार की सुबह गांव आसफाबाद चमन में बच्ची पर गुलदार के हमने की सूचना पर वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और गुलदार के पग चिह्नों की तलाश कर कांबिंग की, संभावित स्थान तलाश कर गुलदार को पकड़ने के लिए पिंजरा लगाया। इस मौके पर प्रक्षिशु रेंजर महेश गौतम, वन दरोगा धर्मेंद्र कुमार, जगत सिंह राणा, कानपुर जू से आए डॉ. नितीश कटारिया व मोहमद अब्बास आदि उपस्थित रहे।