राशन कार्ड न होने पर भी मिलेगा अनाज
बिजनौर। ग्राम्य विकास एवं पंचायती राज विभाग मनोज कुमार सिंह ने सभी डीएम को दिए निर्देश में कहा है कि कोरोना के कहर के बीच दूसरे राज्यों में रह रहे मजदूर बड़ी संख्या में प्रदेश में लौटकर आए हैं। राज्य सरकार ने निर्णय लिया है कि प्रदेश के अंदर ऐसे परिवार जिनकी आर्थिक स्थिति अच्छी नहीं है व जिन्हें खाद्यान्न की आवश्यकता है उन्हें पात्रता के अनुसार राशन उपलब्ध कराया जाए। राशन न बन पाने की स्थिति में नि:शुल्क राशन उपलब्ध कराया जाए। राशन कार्ड बनाने के लिए गांवों व शहरों में सर्वे किया जाएगा। ऐसे परिवार जिनके राशन कार्ड, आधार कार्ड या किसी दूसरे दस्तावेज की वजह से नहीं बन सकता है उनकी सूची डीएम कार्यालय में उपलब्ध कराई जाएगी। ऐसे लोगों को राशन में पांच किलो आटा, पांच किलो चावल, एक किलो दाल, एक लीटर रिफाइंड, एक किलो नमक, 200 ग्राम हल्दी, 200 ग्राम धनिया, 200 ग्राम लाल मिर्च व तीन किलो आलू दिए जाएंगे।