- इंटर कॉलेज शुरू होने के बाद सुधरेगा शिक्षा का स्तर
-अभी तक गांव की छात्राएं बिजनौर और मंडावर पढ़ने जाती हैं
-2018 में शुरू हुआ था अल्पसंख्यक राजकीय बालिका इंटर कॉलेज का निर्माण
संवाद न्यूज एजेंसी
गजरौला शिव। ग्रामीण क्षेत्रों में शिक्षा का स्तर सुधारने के लिए गांवों में स्कूल बनाए जा रहे हैं। गांव गजरौला अचपल में इंटर कॉलेज बनकर तैयार हो गया है। अब छात्राओं को पढ़ने के लिए दूर नहीं जाना पड़ेगा। जो छात्राएं दूर स्कूल होने की वजह से पढ़ने नहीं जाती थी, वे छात्राएं भी अब पढ़ सकेंगी। इससे शिक्षा का स्तर सुधरेगा।
ब्लॉक मोहम्मदपुर देवमल की ग्राम पंचायत गजरौला अचपल में राष्ट्रीय माध्यमिक शिक्षा अभियान के तहत अल्पसंख्यक राजकीय बालिका इंटर कॉलेज बनाया गया है। कॉलेज का निर्माण कार्य पूरा कर लिया गया है। काॅलेज को विभाग के सुपुर्द कर दिया गया है। काॅलेज का निर्माण 2018 में शुरू कराया गया था। कॉलेज निर्माण के लिए शासन से चार करोड़ 25 लाख रुपये मंजूरी मिली थी। निर्माण की जिम्मेदारी यूपी पीसीएल एजेंसी को दी गई थी। बालिकाओं को इंटर तक की शिक्षा के लिए गांव से आठ किलोमीटर दूर बिजनौर, मंडावर जाना पड़ता था। मगर,अब गांव की छात्राओं को इंटरमीडिएट तक की शिक्षा गांव में ही मिलेगी।
अभी शुरू नहीं हुआ प्रधानाचार्य आवास का निर्माण
पांच वर्ष बीत जाने पर भी काॅलेज में अभी तक प्रधानाचार्य आवास का कार्य शुरू नहीं कराया गया है। काॅलेज परिसर में खड़े पेड़ों की नीलामी भी कर दी गई है। वहीं गांव के ही पूर्व प्रधान शशांक राजपूत, सुनील कुमार, महेंद्र राजपूत, मोहम्मद एहसान, इमरान मलिक, नरेश कुमार एडवोकेट, देव प्रकाश एडवोकेट आदि ने शासन से आने वाले सत्र से काॅलेज में दाखिले शुरू करने की मांग की।
गजरौला अचपल में अल्पसंख्यक राजकीय बालिका इंटर कॉलेज का निर्माण पूरा हो गया है। कॉलेज को विभाग के सुपुर्द कर दिया गया है। अब काॅलेज चलाने की जिम्मेदारी जिला विद्यालय निरीक्षक की है। शीघ्र ही प्रधानाचार्य आवास का निर्माण शुरू कर दिया जाएगा। निर्माण कार्य की जिम्मेदारी यूपीपीसीएल कंपनी को दी गई है।
....नौशाद हुसैन, जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी, बिजनौर