-साल 1980 मेें फीना सहकारी समिति ने लिया था शस्त्र लाइसेंस
- जिले में ही नहीं बल्कि यूपी में किसी भी सहकारी समिति के पास नहीं है बंदूक
अचल चौधरी
बिजनौर। फीना किसान सहकारी समिति जिले में ऐसी इकलौती समिति है, जिसके पास खुद का शस्त्र लाइसेंस और दोनाली बंदूक भी है। हालांकि अब यह दोनाली बंदूक तिजोरी में बंद रहती है। दरअसल, अब बंदूक को चलाने वाले नहीं है, गार्ड की नियुक्ति करने में भी समिति सक्षम नहीं रही।
जिले सहकारी समिति की नींव सबसे पहले फीना में ही पड़ी थी। पहली समिति का गठन करते हुए फीना में किसान सहकारी समिति का संचालन शुरु किया गया। बताते हैं कि इस समिति पर सबसे ज्यादा लेनदेन हुआ करता था। पूर्व विधायक हरिपाल शास्त्री के पौत्र ठाकुर आलोक बताते हैं कि साल 1980 में उनके पिता ठाकुर अवनीश कुमार समिति के सभापति हुआ करते थे, उस वक्त समिति पर लेनदेन अधिक होने की वजह से बंदूक की जरूरत समझी गई। जिसके चलते उनके दादा पूर्व विधायक हरिपाल शास्त्री के प्रयासों से समिति को लाइसेंस दिलवाया गया। तब साल 1980 में समिति ने दोनाली बंदूक खरीदी थी। जिससे लेनदेन को लेकर सुरक्षा की जा सके। समिति के प्रबंध निदेशक पुखराज ने बताया कि पहले समिति जंगल में थी और लेनदेन अधिक होता था, इसलिए लाइसेंस लिया गया था। अब यह स्थिति नहीं है। बंदूक बेचने पर विचार किया गया, लेकिन पर सहमति नहीं बन पाई है।