बिजनौर : शेरकोट में कारखाने की जांच करते जीएसटी टीम में शामिल अधिकारी
- फोटो : DHAMPUR
कारखाने की सील खोली गई, दोबारा से जांच शुरू
शेरकोट (बिजनौर)। जीएसटी चोरी की आशंका, कारखाना स्वामी की ओर से जांच में सहयोग न करने के आरोप में 10 अक्तूबर को जीएसटी टीम ने कारखाने को सील कर दिया था। जीएसटी अधिकारियों के आदेश पर टीम ने बुधवार को कारखाने की सील को खोल कर फिर से जांच शुरू कर दी है।
जीएसटी अधिकारियों की टीम बुधवार को डिप्टी कमिश्नर संजय कुमार सिंह के नेतृत्व में बुधवार को पूर्वाह्न करीब 11 बजे मोहल्ला नौधना स्थित कारखाने पर पहुंची। टीम ने उच्च अधिकारियों के आदेश पर सील खोलकर जांच शुरू कर दी है। डिप्टी कमिश्नर का कहना है कि जब तक जांच पूरी नहीं हो जाती, तब तक वे मीडिया को कुछ कहने की स्थिति में नहीं हैं। वहीं बताया जा रहा है कि कारखाना स्वामी मुकेश कुमार जैन की ओर से शपथपत्र के साथ जांच में सहयोग करने का भरोसा देने के बाद सील ही खोला गया है।
गौरतलब है कि एसटीएफ की ओर से लखनऊ में हुई जांच में शेरकोट बिल्सन ब्रश फैक्टरी के स्वामी मुकेश चंद्र जैन के शेरकोट व गाजियाबाद स्थित दोनों फर्म के जीएसटी बिल फर्जी पाए गए थे। एसटीएफ की जांच के आधार पर 10 अक्तूबर को जीएसटी टीम ने दोनों स्थानों पर एक साथ निरीक्षण को पहुंची। शेरकोट पहुंची जीएसटी टीम को फैक्टरी में नहीं घुसने दिया गया। बाद में गेट का ताला खोला गया और टीम ने चार घंटे तक जांच की और बाद में टीम को जांच में सहयोग न मिलने पर फैक्टरी को देर रात सील कर दी गई।
बिजनौर : शेरकोट में ब्रश कारखाने में अभिलेखों की जांच करते जीएसटी टीम में शामिल अधिकारी।- फोटो : DHAMPUR