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Bijnor News: चिकित्सक बोले, जीन परिवर्तन से भी हो सकता है ब्रेन ट्यूमर

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विश्व ब्रेन ट्यूमर दिवस
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-मेडिकल अस्पताल में हर महीने चार ब्रेन ट्यूमर के मरीज पहुंच रहे
-मस्तिष्क में अनियमित कोशिकाएं बढ़ने से होता है ब्रेन ट्यूमर
संवाद न्यूज एजेंसी
बिजनौर। विश्व ब्रेन ट्यूमर दिवस आज मनाया जा रहा है। ब्रेन ट्यूमर का कारण सिर्फ विकिरण ही नहीं, बल्कि जीन परिवर्तन भी है। चिकित्सकों का कहना है कि जीन परिवर्तन कोशिकाओं के विभाजन के समय किसी दोष के कारण पैदा हो सकता है। जिससे कोशिकाएं असीमित मात्राएं में बढ़ने लगती हैं। जो ब्रेन ट्यूमर का रूप लेता है।

बिजनौर मेडिकल अस्पताल में हर महीने ब्रेन ट्यूमर के चार मरीज तक पहुंच रहे हैं। ऐसे में मेडिकल अस्पताल में अभी तक न तो ब्रेन ट्यूमर की जांच की सुविधा और न ही इलाज की सुविधा। जिससे मरीजों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ब्रेन ट्यूमर होने पर मरीज को मेरठ मेडिकल कॉलेज रेफर किया जा रहा है। ब्रेन ट्यूमर एक दिन में पनपने वाली बीमारी नहीं है। लगातार विकिरण के संपर्क में रहने, जीन परिवर्तन होने से ट्यूमर हो सकता है। इसके अलावा चिकित्सक सब्जी, ड्राइफ्रूट में हो रहे कीटनाश्क के अधिक प्रयोग भी ब्रेन ट्यूमर का कारण मान रहे हैं। क्योंकि इसके अधिक सेवन से डीएनए चैन प्रभावित हो जाती है।
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ब्रेन ट्यूमर के लक्षण-
गंभीर सिरदर्द,

-अंगों में कमजोरी,
-देखने में परेशानी होना
-सुनने की क्षमता कम होना
-व्यवहार में परिवर्तन,
-भ्रम और संतुलन की हानि।


ब्रेन ट्यूमर से ऐसे करें बचाव-
-कीटनाशक का ज्यादा प्रयोग न करें

-धुम्रपान न करें

-रोजाना योग करें

-आर्गेनिक खाद्य पदार्थों का सेवन करें

-चिकित्सक के परामर्श परऑपरेशन कराएं
-
वर्जन::
विकिरण के अलावा जीन परिवर्तन होने से भी ब्रेन ट्यूमर हो सकता है। प्रोटो-ओंकोजीन सामान्य कोशिका वृद्धि और प्रसार को प्रभावित करते हैं। अगर उनकी अभिव्यक्ति बदल जाती है, तो कैंसर हो सकता है। लक्षण दिखाई देने पर चिकित्सक से परामर्श लें।
....डॉ. दिनेश गोस्वामी, सर्जन, मेडिकल अस्पताल, बिजनौर
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