नाबका में कच्ची शराब विक्रेताओं के खिलाफ प्रदर्शन करती महिलाएं।
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कासमपुरगढ़ी में ग्राम नाबका में बृहस्पतिवार को ग्राम की महिलाओं ने कच्ची शराब बेचने के आरोप में शराब विक्रेताओं को दौड़ा-दौड़ा कर पीटा। आरोपियों ने किसी तरह से गांव सेेेे भाग कर अपनी जान बचाई। महिलाओं के गुस्से को देख आरोपी कच्ची शराब को छोड़ कर फरार हो गए। महिलाओं ने पकड़ी कच्ची शराब को पुलिस को गांव में बुलाकर उनकी सुपुर्दगी में दे दिया है। आरोप है कि ग्राम में पुलिस की मिलीभगत से कच्ची शराब की बिक्री हो रही है।
ग्राम की सरोज देवी, मुन्नी देवी, मूर्ति देवी ,रेखा देवी ,बबीता देवी, सर्वेश देवी, जगराती देवी, प्रकाशो देवी ,चंद्रो देवी ,सुनीता देवी ने बताया कि उनके गांव में कुछ व्यक्ति और महिलाएं बाहर से कच्ची शराब लाकर बेचने का काम कर रहे हैं। इन लोगों के नामों को पुलिस को बता दिया गया था। पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की तो बृहस्पतिवार को गांव की महिलाओं ने एकत्र होकर स्वयं ही कच्ची शराब बेचने के ठिकानों पर धावा बोल दिया। महिलाओं ने कच्ची शराब के विक्रेताओं को देख आपा खो बैठी। इन महिलाओं के हाथ जो लगा उसे उठा कर शराब विक्रेताओं को पीटना शुरू कर दिया। ऐसा होता देख गांव में शोर मच गया। हल्ला होने से अन्य गांववालों भी एकत्र हो गए। गांव में बढ़ती भीड़ को देख आरोपी किसी तरह से गांव से जान बचाकर कहीं जाकर छिपे। वहां भारी मात्रा में मिली शराब को महिलाओं ने पुलिस की सुपुर्दगी में दे दिया। हालांकि कोतवाल रविंद्र प्रताप सिंह ने घटना के संज्ञान में होने से इंकार किया है। कोतवाल का कहना है कि यदि ऐसा हुआ तो आरोपियों पर कार्रवाई होगी।