बिजनौर में पुलिस ने खाद्य एवं रसद आवश्यक वस्तु निगम के राज्यमंत्री रिहाशत राणा का प्रतिनिधि बनकर राशन डीलरों से उगाही करते समय दबोचे गए पांचों लोगों का बृहस्पतिवार को चालान कर दिया है। ये लोग बुधवार को दर्जा प्राप्त राज्यमंत्री की कार से उस समय पकडे़ गए थे, जब ये धामपुर में एक राशन डीलर को धमका कर वसूली कर रहे थे।
धामपुर पुलिस ने बुधवार को शामली जिले के गांव शिमला निवासी दीपक बढ़ेरा, कृष्णपाल, गंगारामपुर निवासी बसंतराम, हरियाणा करनाल के गांव खेड़ा छपरा निवासी सुखलाल, धामपुर थाने के उधोपुरा निवासी सीताराम को दबोचा था। ये लोग अधिकारी बनकर अफजलगढ़ थाना क्षेत्र के गांव त्रिलोकपुर, अजीमुल्लानगर व आसफाबाद भवन में राशन डीलरों से उगाही कर रहे थे। अफजलगढ़ थाने में डीलरों ने इनकी शिकायत की थी। पुलिस ने इन लोगों को दबोच लिया था। धामपुर थाने में इनके खिलाफ घोखाधड़ी की धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। पुलिस के मुताबिक एक आरोपी दीपक बढेरा दर्जा प्राप्त राज्यमंत्री रिहाशत राणा का प्रतिनिधि है। बाकी पकड़े गए सभी लोग भी अपने को सपा से जुड़ा बता रहे हैं।
सपा के कार्यकर्ता के रूप में ये लोग दीपक बढ़ेरा के साथ रहते थे। पुलिस के मुताबिक उगाही करने केअलावा पकड़े गए लोगों का और कोई कारोबार जांच में नहीं पाया गया है। ये लोग कार पर सपा का झंडा लगाकर वसूली करने निकलते थे। राशन डीलरों को डरा धमकाकर उनसे वसूली की जाती थी। जो रुपये नहीं देता था, उनके खिलाफ कार्रवाई करने की धमकी देते थे। डरे सहमे राशन डीलर वसूली की रकम देने के लिए तैयार हो जाते थे। पुलिस के दबोचने के बाद इन लोगों के होश फाख्ता हो गए। पकड़े जाने के बाद इन लोगों को बचाने के लिए भी कोई नहीं आया। एसपी देहात डा.धर्मवीर सिंह के मुताबिक पकड़े गए लोगों की उगाही करने की शिकायत मिल रही थी। तब जाकर उनके खिलाफ कार्रवाई हुई है।