नहटौर में बारिश के दौरान खंभों में करंट फैलने से लोगों में दहशत फैल गई। सब्जी खरीदने आए चाचा-भतीजे करंट की चपेट में आ गए। करंट से चाचा की मौके पर मौत हो गई। झुलसे भतीजे को सीएचसी में भर्ती कराया गया। लोग सप्लाई बंद करने के लिए फोन करते रहे, लेकिन बिजली निगम के किसी कर्मचारी ने फोन नहीं उठाया। पुलिस ने मामला दर्जकर शव पीएम के लिए भेज दिया है। नगर के कई मोहल्लों में खंभों पर करंट उतरने से विद्युत निगम में भी हड़कंप मचा रहा।
गांव बेगराजपुर निवासी जयपाल सिंह (45) अपने भतीजे नरेंद्र (22) के साथ प्रात: करीब साढ़े छह बजे मैन बाजार स्थित सब्जी मंडी से सब्जी खरीदने के लिए आया था। जयपाल गांव में फड़ लगाकर सब्जी बेचने का कारोबार करता था। वह सब्जी खरीदकर खंभे के पास एकत्रित कर रहा था। सब्जी की गठरी उठाने के दौरान उसका हाथ विद्युत खंभे से जा लगा। खंभे पर उतरे करंट ने उसे चपेट में ले लिया। उसका भतीजा नरेंद्र उसे बचाने के लिए दौड़ा। वह भी करंट की चपेट में आ गया। करंट फैलने से सब्जी बाजार में हड़कंप मच गया। लोग विद्युत सप्लाई बंद कराने के लिए विद्युत कर्मचारियों को फोन करते रहे, लेकिन किसी ने फोन नहीं उठाया। करीब वह पंद्रह मिनट तक चिपका रहा। उसके बाद सप्लाई बंद होने पर लोग खंभे के पास पहुंचे। तब तक उसकी मौत हो चुकी थी। लोगों का कहना है कि शायद करंट लगते ही सप्लाई बंद हो जाती तो उसकी जान बच सकती थी।
मृतक के पुत्र सुचित ने विद्युत निगम पर लापरवाही बरतने का आरोप लगाते हुए मामला दर्ज कराया है। पुलिस ने शव को सीलकर पीएम के लिए भेज दिया है। सब्जी मंडी, अफगनान आदि मोहल्लों में करीब आधा दर्जन खंभों में करंट फैलने की सूचना पर निगम में हड़कंप मचा रहा। लाइनमैनों को समस्या दूर करने पर लगाया गया। सब्जी मंडी के जिस खंभे पर करंट की चपेट में आने से फड़ वाले की मौत हुई है । उस खंभे में शनिवार को भी करंट उतर गया था। लाइनमैनों ने जिसे ठीक किया था। जेई हरीश सैनी का कहना है कि मृतक को मुआवजा दिलाने की प्रक्रिया की जा रही है।