किरतपुर। पुलिस भर्ती की परीक्षा देने आए किरतपुर पुलिस थाने में तैनात दरोगा के रिश्तेदार युवकों को घर के बाहर बैठने पर टोकना दो भाकियू कार्यकर्ताओं को भारी पड़ गया। पुलिस कर्मियों ने दोनों किसान नेताओं से मारपीट की और थाने ले आए। देर रात तक भाजपा नेता एवं भाकियू कार्यकर्ता थाने पर जमा रहे और विरोध प्रदर्शन किया। एक घायल को जिला चिकित्सालय रेफर किया गया है। पीड़ितों ने आरोपी पुलिस कर्मियों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग की है।
मोहल्ला आंबेडकर निवासी भाकियू नेता सत्यवीर राणा व पद्मवीर सिंह रविवार की रात नौ बजे के करीब हरिद्वार में चल रहे चिंतन शिविर में शामिल होकर घर लौट रहे थे। नगर में स्टेशन चौराहे पर पहुंचने पर निकट ही उन्हें भाजपा जिलाध्यक्ष राजीव चौहान का साला अजय चौहान अपने घर के बाहर खड़ा मिल गया। अजय चौहान ने ही उनसे घर के बाहर कुछ युवक के बैठे होने की बात बताई। उन्होंने युवकों से अकारण बैठने का कारण पूछा। उन्होंने बताया कि वह पुलिस भर्ती देने आए हैं और थाने में उनके रिश्तेदार तैनात हैं। उनमें से एक युवक सत्यवीर से उलझ गया। एक युवक ने गाली गलौज करते हुए उनके साथ अभद्रता शुरू कर दी। कुछ देर बाद ही युवकों ने पुलिस को फोन कर दिया। किरतपुर पुलिस की जीप में सवार होकर थाने का एक मुंशी और दरोगा, पुलिसकर्मी मौके पर पहुंच गए। सत्यवीर और पद्मवीर का आरोप है कि युवकों को समझाने के बजाए वह उन्हें ही मारना -पीटना शुरू कर दिया। पीड़ित सत्यवीर का कहना है कि थाने ले जाकर भी पुलिस कर्मियों ने पिटाई की। रायफल की बट लगने से जब उसका सिर फट गया तो पुलिसकर्मियों के हाथ पैर फूल गए। दोनों को हथकड़ी लगाकर अस्पताल में मेडिकल कराने ले गए और झूठे केस में फंसाने की धमकी दी।
आरोपी पुलिस के खिलाफ कार्रवाई की मांग
भाकियू ब्लाक अध्यक्ष देवदत्त शर्मा और भाजपा नगर अध्यक्ष संजय चौहान के समर्थकों के साथ थाने पहुंचने पर पुलिस के हाथ पैर फूल गए। भाकियू जिलाध्यक्ष दिगंबर सिंह के आला अधिकारियों को सूचना देने पर पुलिस ने दोनों को छोड़ दिया। बाद में घायलों का मेडिकल कराकर उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया गया। पीड़ित किसान नेताओं ने आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।