खतौली। निराश्रित गोवंश को आश्रय स्थल नहीं मिल रहा है। गाेवंश किसानों के खेतों में विचरण कर फसल को बर्बाद कर रहे हैं। गंगनहर पर चीतल पार्क पर बनाया गया आश्रय स्थल बंदरों की आरामगाह बन गया है।
निराश्रित गोवंश से क्षेत्र के किसान परेशान है। फसलों को बचाए रखने के लिए किसान अधिकतर समय अपने खेतों पर बिता रहे है। इसके बाद भी निराश्रित गोवंश किसानों के खेतों में घुस जाते हैं। यह गोवंश इंसानों पर हमलावर होने लगे हैं। गोवंश के हमले में कई किसान घायल हो चुके हैं। विगत दिनों किसानों ने एकत्र होकर आवारा पशुओं को ब्लाक कार्यालय में बंद कर धरना प्रदर्शन किया था। इसके बाद एसडीएम से बात कर बीडीओ ने गंगनहर स्थित चीतल पार्क को गोवंश आश्रय स्थल बनाया था।
कुछ गोवंश वहां पर पहुंचाए गए थे। वहां पर गोवंश की कोई देखभाल नहीं हुई। जिस कारण वह वहां पर ठहर नहीं सके। इस समय चीतल पार्क गोवंश आश्रय स्थल में एक भी निराश्रित गोवंश नहीं है। यह स्थल बंदरों की आरामगाह बना हुआ हैं। एसडीएम सुबोध कुमार ने बताया कि इस आश्रय स्थल में कार्य कराया जा रहा है। शीघ्र ही यहां पर नगर तथा आसपास घूम रहे निराश्रित गोवंश को लाया जाएगा। संवाद