बिजनौर में विकास भवन में जिला योजना समिति की बैठक को संबोधित करते प्रभारी मंत्री श्रीकांत शर्मा।
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बिजनौर जिले के प्रभारी मंत्री/ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा ने बुधवार को विकास भवन में अधिकारियों के पेंच कसे। योजनाओं का लाभ पात्रों को देने के लिए कहा। कहा कि भ्रष्टाचार बिल्कुल भी बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। भ्रष्ट अधिकारियों व कर्मचारियों को चिह्नित किया जा रहा है। उनके खिलाफ कड़ा एक्शन लिया जाएगा। प्रभारी मंत्री योग शिविर में शामिल होने के लिए जिले में आए हैं।
श्रीकांत शर्मा ने कहा कि केंद्र व प्रदेश सरकार आखिरी व्यक्ति तक के विकास के लिए काम कर रही है। सरकार का उद्देश्य योजनाओं का लाभ हर जरूरतमंद हर पात्र तक पहुंचाने का है। अधिकारियों व कर्मचारियों के जरिये ही ये योजनाएं धरातल पर उतरती हैं। अगर अधिकारी व कर्मचारी अपना काम ईमानदारी से नहीं करेंगे तो इससे योजनाएं प्रभावित होंगी। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार हर क्षेत्र में विकास कर रही है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सबका साथ सबका विकास की नीति पर काम कर रहे हैं। सूबे में इस बार रिकॉर्ड गन्ना पेराई, चीनी उत्पादन व गन्ना भुगतान हुआ है।
बिजनौर जिला रिकवरी और भुगतान दोनों में टॉप पर हैं।
कहा कि हर घर में बिजली पहुंचाने के लिए सौभाग्य योजना चलाई जा रही है। जिले में भी इसमें ग्राम स्वराज अभियान के अंतर्गत ही करीब 16 हजार कनेक्शन दिए गए थे। प्रभारी मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री फसल ऋण मोचन योजना के तहत जिले के 79 हजार 925 किसानों का 559 करोड़ रुपये का कर्ज माफ हो चुका है। अभी भी कर्ज माफी के लिए काफी किसानों ने आवेदन कर रखे हैं। इनकी जांच की जा रही है। अधिकारियों से कहा कि हर कार्य विशेषकर निर्माण कार्यों में पूरी सतर्कता बरतें। किसी तरह की ढिलाई न करें।
कहा कि अधिकारी भाजपा कार्यकर्ताओं द्वारा सौंपे जाने वाले कार्यों को गंभीरता से लें। जनप्रतिनिधियों के साथ कार्यकर्ताओं को भी पूरी तवज्जो दें। इस दौरान एमएलसी तथा भाजपा प्रदेश महामंत्री अशोक कटारिया, सांसद भारतेंद्र सिंह, डॉ. यशवंत सिंह, भाजपा विधायक अशोक राणा व सुशांत सिंह, सपा विधायक मनोज पारस, भाजपा जिलाध्यक्ष राजीव सिसौदिया, डीएम अटल कुमार राय आदि मौजूद रहे।
दिव्यांगों को दीं ट्राइसाइकिल
प्रभारी मंत्री ने विकास भवन में दिव्यांगों को ट्राई साइकिल बांटी। प्रभारी मंत्री शाम करीब पांच बजे विकास भवन पहुंचे। जबकि प्रशासनिक अधिकारियों ने दिव्यांगों को दोपहर 12 बजे ही बुला लिया था। इससे दिव्यांगों को परेशानी उठानी पड़ी।
सड़कों को चमकाने के लिए बजट का फोकस
जिला योजना में 38408 लाख के विकास प्रस्ताव पास किए गए। कृषि तथा संवर्गीय सेवाओं मे 2296, रोजगार परक कार्यक्रमों में 5890 लाख, शिक्षा एवं स्वास्थय पर 5179, स्वचछता एवं पेयजल पर 8697, सड़क निर्माण पर 11367 लाख रुपये के बजट का प्रावधान किया गया है। सबसे अधिक बजट सड़कों के लिए करीब 30 प्रतिशत दिया गया है।