बिजनौर कलक्ट्रेट में ठगी करने वालों के खिलाफ कार्यवाई की मांग को लेकर प्रदर्शन करते लोग।
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बिजनौर। जिले से करोड़ों की ठगी कर फरार होने वाली कंपनियों के खिलाफ कार्रवाई के लिए निवेशकों और एजेंटों ने धरना प्रदर्शन किया। इन्होंने कंपनियों में जमा धन को वापस दिलाने की मांग उठाई।
शुक्रवार को कलेक्ट्रेट परिसर में ठगी के विरोध में विभिन्न कंपनियों के जमाकर्ता एकत्रित होकर प्रदर्शन करने पहुंचे। आरोप है कि कुछ समय पहले अलग-अलग कंपनियां जैसे सहारा, पीएसीएल, पीयर्स, डीपियर्स आदि ने लोगों को रकम में भारी मुनाफा देने के नाम पर आरडी व एफडी के तौर पर रकम जमा कराई। जिससे भोली-भाली जनता थोड़े से लालच में आकर अपने खून पसीने से कमाई हुई धनराशि को अलग-अलग कंपनियों में जमा कर दिया। कुछ दिनों तक तो यह कंपनियां समय-समय पर पैसे वापस करती रही, लेकिन अचानक लोगों का धन लेकर गायब हो गई। तब से अब तक जमाकर्ता दर-दर की ठोकरें खाने पर मजबूर है।
सभी कंपनियों के जमा कर्ताओं ने एकत्रित होकर जिलाधिकारी को एक ज्ञापन दिया। ज्ञापन में कहा गया कि बड़स एक्ट 2019 की विभिन्न दंडात्मक धाराओं का हवाला देते हुए एक टीम गठित करके 180 कार्य दिवस के भीतर अपनी जमा की गई राशि वापस दिलाने की गुहार लगाई। विभिन्न कंपनियों में जमा धनराशि का आंकड़ा लगभग 100 करोड़ से ज्यादा बताया जा रहा है। पीयर्स एंड डीपीयर्स एलाइड कारपोरेशन लिमिटेड पर ही लगभग कुल 5 करोड़ रुपये से ऊपर का आंकड़ा है। ज्ञापन में मुख्य रूप से ठगी पीड़ित जमाकर्ता परिवार के राष्ट्रीय संयोजक मदनलाल आजाद, वीर सिंह, नरदेव सिंह , धर्मेंद्र कुमार, प्रदीप कुमार, देवेंद्र कुमार, पुखराज सिंह, वीरेश कुमार सहित सैकड़ों जमा करता मौजूद रहे।